शनिवार, 5 सितंबर 2020

कहानी - टाइमपास

रमेश जैसे पति को पाकर खुद को धन्य मानने वाली रीना को आज क्यों अपनी  दुनिया वीरान और सोनी लग रही थी। क्यों वह रमेश की परछाई से भी इस समय दूर जाना चाह रही थी। पार्वती तुम आज और अभी यह कमरा खाली कर दो और यहां से चली जाओ भाभी मैं कहां जाऊंगी मुझे इससे कोई मतलब नहीं तुम कहीं भी जाओ जियो मरो मेरी बला से मैं तुम्हारी शक्ल नहीं देखना चाहती रीना का दिल एक लाने के लिए पार्वती आखरी अस्त्र का प्रयोग करते हुए उनके पैर पकड़कर फूट-फूट कर रोने लगी।


अपना से उनके पैरों पर रख कर बोलना भी माफ कर दो मुझसे गलती हो गई तुम अपना सामान खुद बाहर निकालो की टीम निकालो घी की मैं वॉचमैन से कह कर बाहर निकलवा हूं रीना खिड़की से चोर नेताओं से रमेश के घबराए हुए चेहरे को देख रही थी। ड्राइंग रूम में बेचैनी से चहल कदमी करते हुए चक्कर काट रहे थे का साथ ही बार-बार चेहरे से पसीना पूछ रहे थे मीना की कड़कती आवाज और उसके क्रोध से पार्वती डर गई और निराश होकर उसने अपना सामान समेटना शुरू कर दिया उसकी आंखों से आंसू लगातार बह रहे थे। आज रमेश में रीना के विश्वास को तोड़ा था रीना के मन में विचारों की उमड़ घुमड़ मची हुई थी 30 वर्ष  से उसका वैवाहिक जीवन खुशी खुशी बीत रहा था रमेश जैसा पति पाकर वह सदा से अपने को धन्य मानती थी पे मस्त मौला और हंस और स्वभाव के थे बातचीत में कहकहे लगाना उनकी आदत थी रोते हुए को हंसा ना उनके लिए छुट्टियों का काम था चुटकियों का काम था।


रमेश बहुत आशिक मिजाज ठीक है महिलाएं उन्हें बहुत पसंद करती थी 62 वर्षीय रीना तो प्यारी प्यारी बेटियों की सारी जिम्मेदारी पूरी कर चुकी कि त्रिशा और ईशा दोनों बेटियों को पढ़ा लिखा कर उनकी शादी ब्याह करके अपनी जिम्मेदारियों से कुर्ती बात की थी वह और रमेश दोनों आपस में सुख पूर्व रह रहे थे अपनी जिम्मेदारियों से छुट्टी आ चुकी थी और वह और रमेश दोनों आपस में सुख पूर्व कह रहे थे बड़ी बेटी त्रिशा की शादी को 8 वर्ष हो चुके थे। परंतु वह मां नहीं बन सकी थी अब इतने दिनों बाद कृत्रिम गर्भधान पद्धति से वह गर्भवती हुई थी डॉक्टर ने उसे पूर्ण विश्राम की सलाह दी थी उसकी देखभाल के लिए उसके घर में कोई महिला सदस्य नहीं थी इसलिए वीना का जाना आवश्यक था। लेकिन वह निश्चिंत ही क्योंकि उसे पार्वती पर तुम विश्वास था कि वह घर और रमेश दोनों की देखभाल अच्छी तरह कर सकती हैं। रमेश हमेशा से छोटे बच्चे की तरह थी के तरह थे अपने लिए एक कप चाय बनाना भी उनके लिए मुश्किल काम था पार्वती के रहने के कारण रीना बिना किसी चिंता के आराम से चली गई थी कुछ दिनों बाद तृषा के घर में प्यारी सी गुड़िया का आगमन हुआ वह खुशी से फूली नहीं समा रही थी रमेश की गुड़िया से मिलने आए थे वह दो-तीन दिन वहां रहे थे और चिर परिचित अंदाज में बैठे तृषा से बोले तुम्हारी मम्मी को मेरे लिए टाइम पास का अच्छा इंतजाम करके आना चाहिए था।


घर में बिल्कुल अच्छा नहीं लगता उनकी बात सुनकर सब हंस पड़े थे रीना शर्मा गई थी वह भी मैं से बोली थी आप भी बच्चों के सामने तो सोच समझ कर बोला करिए वह चुपचाप उठकर रसोई में चली गई थी मुंबई से वह 3 महीने तक नहीं लौट सकी त्रिशा की बिटिया बहुत कमजोर थी और उसे पीलिया भी हो गया था वह 10:00 12 दिन तक इंक्यूबेटर में रही थी तृषा के टांके भी शौक नहीं पा रही थी इसलिए वह चाहकर भी जल्दी नहीं लौट सके। उसका लौटने का प्रोग्राम कई बार बना और कई बार कैंसिल हुआ इसलिए आखिर में जब उसका टिकट आ गया तो उसने मन ही मन रमेश को सरप्राइज देने के लिए सोच कर कोई सूचना नहीं दी और बेटी तृषा को भी अपने पापा को बताने के लिए मना कर दिया दोपहर का एक बजा था। वह एयरपोर्ट से टैक्सी लेकर सीधी अपने घर पहुंची गाड़ी फोर्स में खड़ी देख कर उस उसका मन घबराए कि आज रमेश इस समय घर पर क्यों हैं वह दबे पांव घर में घुस गई। उसको बेडरूम से पार्वती और रमेश के खेल खिलौने की आवाज सुनाई दी वह अपने को रोक नहीं पाई उसने खिड़की से अंदर झांकने का प्रयास किया।


पार्वती बेड पर लेटी हुई थी यह देख सीना की आंखें शर्म से झुक गए पार्वती तो पैसे के लिए सब कुछ कर सकती है परंतु रमेश इतना गिर जाएगा वह भी इस उम्र में वह स्वपन में भी नहीं सोच सकती थी। आज रमेश को देखकर लग रहा था उनमें और जानवर में भला क्या अंतर है जैसे पशु अपनी भूख मिटाने के लिए यहां वहां कहीं भी मुंह मार लेता है वैसे ही पुरुष दी इतने दिन बाद कराने की उसकी सारी खुशी काफूर हो चुकी थी। उसके घर आने की खुशी काफूर हो चुकी थी उसे लग रहा था कि वह जलते हुए रेगिस्तान में अकेले झुलस कर खड़ी हुई है। दूर-दूर तक उसे सहारा देने वाला कोई नहीं है फिर भी अपने को संयंत्र करके उसने जोर से दरवाजा खटखटा दिया था जाने पहचाने आवाज रमेश जी की पार्वती दोनों देखो इस दोपहर में कौन मरा पार्वती अपनी साड़ी और बाल्टी करती हुई दरवाजे तक आई। उसने थोड़ा सा दरवाजा खोलकर ढाका रीना को देखते ही उसके होश उड़ गए रैना ने जोर से पैर मार कर दरवाजा पूरा खोल दिया। रमेश और बिस्तर दोनों अस्त व्यस्त थे वे पत्नी को अचानक सामने देख आश्चर्य से भर उठे थे अपने को संभालते हुए बोले तुमने अपने आने के बारे में कुछ बताया ही नहीं मैं गाड़ी लेकर एयरपोर्ट आ गया मैं तुम्हारी रंगरेलियां कैसे देख पाते तुम कैसी बात कर रही हूं कैसे देख पाती, तुम कैसी बात कर रही हो मुझे बुखार था इसलिए पार्वती से मैंने सिर दबाने को कहा था रमेश कुछ तो शर्म करो कि मियां की सीधी में आवाज में रमेश बोले तुम जाने क्या सोचता है ठीक हूं ऐसा कुछ भी नहीं है।


रीना मैं हिकारत से रमेश की और देखा था क्रोध में वह थरथर कांप रही थी उसने जोर से पार्वती को आवाज दी मां पार्वती व तुमने तो जिस थाली में खाना उसी मैसेज कर दिया मैंने तुम पर आंख मूंदकर विश्वास किया सब लोग तुम्हारे बारे में कितना कुछ कहते रहे लेकिन मैंने किसी को किसी की नहीं सुनी थी अभी यहां से निकल जाओ मैं तुम्हारा मुंह नहीं देखना चाहती रीना आज खुद को कोस रही थी क्यों पार्वती पर इतना विश्वास किया। वह ड्राइंग रूम में आकर चुपचाप बैठ गई थी थोड़ी देर में रमेश उसके लिए खुद चाय बना कर लाए उसके पैरों के पास बैठकर धीरे से बोले बिना प्लीज मुझे माफ कर दो। वह तो मैं बोर हो रहा था इसलिए टाइम पास के लिए उससे बातें कर रहा था रमेश तुम इस समय मुझे अकेला छोड़ दो आज मैंने जो कुछ अपनी आंखों से देखा है सहरसा उस पर विश्वास नहीं कर पा रही हूं प्लीज तुम मेरी नजरों से दूर हो जाओ मुझे एक बात बता दो यह सब कब से चल रहा है रीना तुम्हारी कसम खाता हूं ऐसा कुछ नहीं है। जो तुम सोच रही हो तो ठीक है जो बाकी है अभी करके अपनी इच्छा पूरी कर लो मेरा यहां रहने से परेशानी है तो मैं फिर से चली जाती हूं। तृषा को इस समय मेरी बहुत जरूरत है मैं तो तुम्हारे लिए भाभी आई थी परंतु तुम तो दूसरी दुनिया बसा चुके थे मैं बेकार में अपना माता खाली कर रही थी। व्यर्थ का तमाशा मत बनाओ मेरे सामने से हट जाओ घर में सन्नाटा छाया हुआ था। पार्वती की स्त्रियों की आवाज और सामान समेटने की आवाज बीच बीच में आ जाती थी घर उजड़ रहा था तभी ना दुखी थी।


उसे पार्वती से ज्यादा रमेश दोस्ती लग रहे थे वह मन ही मन सोच रही थी कि जब अपना सिक्का ही खोटा हो तो दूसरे को दोष क्यों दे कुछ भी हो पार्वती को यहां से हटाना आवश्यक है। वह उस घड़ी को पूछ रही थी जब उसने पार्वती को अपने घर पर काम करने के लिए रखा था लगभग 20 वर्ष पहले सुमित्रा जी ने पार्वती को उसके पास काम के लिए भेजा था। उसकी कामवाली भागवती हमेशा के लिए गांव चली गई थी। दो बेटियां पति और बूढ़ी अम्मा जी के सारे काम करते-करते उसकी हालत खराब थी उसे नई कामवाली की सख्त जरूरत थी सुमित्रा जी ने कह दिया था। पार्वती नहीं है इसलिए नहीं कहां रखना वह अतीत में खो गई थी पार्वती का जीवन तो उसके लिए खुली किताब है। 21- 22 वर्ष की पार्वती का रंग दूध की तरह सफेद था गोल चेहरा उसकी बड़ी-बड़ी आंखों में  मेरी हत्था मेरी हफ्ता थी अपने में सिकुड़ी सिमटी हुई एक बच्चे की उंगली पकड़े हुए तो दूसरे को गोद में उठाए हुए कातर निगाहों से काम की यात्रा कर रही थी काम की याचना कर रही थी। उसे काम की सख्त जरूरत थी उसके माथे के जख्म को देखकर पूछ बैठी थी यह चोट कैसे लगी तुम्हारे पार्वती धीरे से बोली थी। मेरे आदमी ने हथियार फेंक कर मारा था वह माफी को छूता हुआ निकल गया था उसी से घाव हो गया ऐसे आदमी के साथ क्यों रहती हो। अब मैं उसे छोड़कर शहर आ गई हूं यहां नहीं हूं इसलिए ज्यादा किसी को जानती नहीं रीना को पार्वती पर दया आ गई थी। तुम्हारे बच्चे कहां रहेंगे वह पूछ बैठी जी जब तक कोटरी नहीं मिलती थी दोनों बरामदे में बैठे रहेंगे अम्माजी अंदर से बोली थी। इसको रखना बिल्कुल बेकार है तो दो बच्चे हैं सारे घूम घर में घूमते फिरेंगे रीना को रसोई के अंदर पड़े हुए ढेर सारे झूठे बर्तन याद आ रहे थे उसने पार्वती से बर्तन साफ करने को कहा उसने फुर्ती से अच्छी तरह बर्तन साफ किए। स्टैंड में लगाए प्ले और गैस साफ करके रसोई में पूछा भी लगा दिया था  उसके काम से बहन निहाल हो उठी थी धीरे-धीरे वह उसकी मोहित होती गई। बच्चे सीधे थे बरामदे में बैठे रहते थे मेरी बच्चों के पुराने कपड़े पहन कर खुश होते टूटे-फूटे खिलौनों से खेलते और बचा कुचा खाना खाते हैं पार्वती मेरे घर के सारे कामों को मन लगाकर करती थी।


मेहमानों के आने पर वह घर के कामों के लिए ज्यादा समय देती वह भी उसका पूरा ध्यान रखती तीज त्योहारों पर वह बच्चों के लिए नए कपड़े बनवा देती थी पार्वती भी रीना के एहसान तले दबी रहती थी वीना को अपना आत्मीय समझता है अपने दिल की बातें कह दी थी थी दो छोटे-छोटे बच्चों को पालना आसान नहीं था। पार्वती ने धीरे-धीरे आसपास के कई घरों में काम पकड़ लिया था कहीं झाड़ू तो कहीं बर्तन तो कहीं खाना बनाना है देखती थी कैसे चिड़िया अपनी सोच में पानी भरकर सीधा अपने घोसले में रूकती है वैसी ही वह कहीं से कुछ मिलता तो सब इकट्ठा कर के बच्चों के लिए ले आती थी। कपड़े मिलते तो उन्हें काट पीट कर बच्चों की नाप के बनाकर पहना थी उसकी  मेहनत से रीना बहुत प्रभावित हुई उसने अपनी पुरानी सिलाई मशीन उसे दे दी थी जिसे पाकर वह बहुत खुश थी पार्वती एक दिन महेश को लेकर आई थी। भाभी ने इसके साथ शादी करना चाहती हूं रीना उसे हिम्मत बांधते हुए बोली थी कि आदमी को अच्छी तरह जांच परख लेना कहीं पहले वाले की तरह दूसरा भी हाथ ना उठाने लगी है पार्वती ने खुशी-खुशी बताया था कि वह मेरे बच्चों को अपना आएगा। और वह पहले की तरह ही काम करती रहेगी आठ 10 दिन की छुट्टी लेकर चली गई थी रमेश को पता चला तो बोले गई भैंस पानी में वह तुम्हें धोखा दे गई। अब दूसरी ढूंढो इसके भी पर निकल आए हैं पार्वती अपने वादे की पक्की निकली वह 10 दिन बाद आ गई थी। परंतु यह क्या उसका तो रोज ही बदल गया था अब वह नई नवेली के रूप में थी लाल बड़ी सी बिंदिया उसके माथे पर सजी हुई थी फोटो पर गहरी लाल लिपस्टिक गोरे-गोरे पैर पायल बिछिया और महावर से सजे हुए थे हाथों में भर भर हाथ चूड़ियां और चटक लाल चमकीली साड़ी पहने हुए थी वह चेहरे पर शर्म की डाली थी रीना ने मजाकिया लहजे में उससे पूछा था। क्यों रे क्या मंडप से सीधे उठ कर चली आई है रमेश तो 1:00 तक उसको निहारते रह गए थे धीरे से बोली यह तो छम्मक छल्लो दिख रही है। वह तो बहुत खुश थी कि चलो इसके जीवन में खुशियों ने दस्तक तो दी जबकि आस-पड़ोस की महिलाओं को घोषित का एक नया विषय मिल गया था काश उस दिन  मैसेज गुलाटी की बात रीना मान लेती उन्होंने उसे सावधान करते हुए कहा था।


इससे सावधान रहिएगा यह बच्चन औरत है इसके संबंध कई आदमियों से हैं शोभा जी ने नहले पर दहला मारा था यह बहुत बदमाश औरत है हम लोगों से साड़ी सूट मांग कर ले जाती है और अपनी झुग्गी पर जाते ही बेच देती है। रीना तल्खी से बोली थी इन बातों से उसे क्या मतलब है उसका काम है ठीक से करती है बस इतना काफी है। पार्वती ने अपने बच्चों के लिए ख्वाब पाल रखे थे दोनों बच्चों का स्कूल में नाम लिखा दिया था महेश से शादी के बाद बच्चों से उसका ध्यान बटने लगा था। वह बच्चों को स्कूल और ट्यूशन भेजकर अपने कर्तव्य की इतिश्री समझ बैठी थी। दोनों स्कूल जाने का बहाना करके इधर उधर घूमा करते थे बेटा दीप पान मसाला खाता पैसा चुराकर जुआ खेलता बेटी पूजा चाल के लड़कों से नजरें लड़ाती।


दोनों बच्चों की वजह से उसके और महेश के बीच अक्सर लड़ाई हो जाती महेश दे नकली चेहरा उतारकर खूब शराब पीने लगता था एक दिन वह पूजा को लेकर आई थी बोली यह दिन भर आपके पास रहेगी तो चार अच्छी बातें सीख लेगी पूजा को देखते हुए उसे काफी दिन हो गए थे वह जींस कुर्ती पहन कर आई थी। उसके कानों में बड़े-बड़े कुंडल थे वह स्वयं उस खूबसूरत परी को एकटक देखती रह गई थी वह हाथ में मोबाइल पकड़े हुए थे। उसका मोबाइल थोड़े-थोड़े अंतराल में बसता रहा। वह कमरे से बाहर जाकर देर देर तक बातें करती रही वह समझ गई थी कि पूजा का किसी के साथ चक्कर चल रहा है। उसने पार्वती को आने वाले खतरे के लिए आगाह कर दिया शायद वह भी उन बातों से वाकिफ थी उसने महेश की सहायता से आनन-फानन उसकी सगाई करवा दी थी पार्वती खुश होकर लड़के वालों के द्वारा दिया हुआ सोने का हार उसे दिखाने भी लाई थी।


उसने इशारों में उससे ₹10000 की फरियाद दी कर दी थी रमेश ने उनसे रुपए देने के लिए हां कर दी थी अम्मा जी के कान में भनक लग गई थी वेनाराज हो उठे थे क्योंकि उन्हें पार्वती फूटी आंख नहीं सुहाती थी जबकि सबसे ज्यादा काम वह उन्हीं का करती थी उनको रोज नहला धुला कर उनके कपड़े धोती थी उनके बाल बनाती थी। रोज उनके पैरों में मालिश किया करती थी उनकी नजर में वह बदचलन औरत थी काश उस समय वह उनकी बातों पर ध्यान दे देती तो आज उसे यह दिन ना देखना पड़ता तमीज और उसके डर से अम्माजी उसे भगा नहीं पाती थी वरना वे उसे 1 दिन ना रुकने देती कुछ ही दिनों में पता चला कि पूजा अपने प्रेमी के साथ बहस सोने का हार देखकर रफूचक्कर हो गई। पार्वती के रोने धोने के कारण महेश ने शादी के लिए जुड़े हुए रुपए लड़के वालों को देखकर किसी तरह मामले को ने बताया था। परंतु बिरादरी में वह उसकी बदनामी तो बहुत कर गई थी साल भर बाद जब पूजा के बेटी हुई तो भागती हुई सबसे पहले वह बेटी के पास पहुंची थी। यहां वहां भागकर चांदी के कड़े खरीद लाई थी और  पांच   6 फ्रॉक भी खरीद लाई थी उसकी आवाज और चेहरे से  खुशी छलक रही थी बोली थी भाभी हम नानी बन गए हैं वह है तो मेरी ही नातिन उसने पार्वती को ₹500 का नोट पकड़ा दिया था.


उसे याद आया था कि जब ईशा के बेटा हुआ था तो वह कितनी खुश हुई थी। रमेश ऑफिस से आ गया आ गए थे। उन्होंने उसे रुपए देते हुए देख लिया था वह बोले यह बहुत चालू है तुम्हें बेवकूफ बनाकर अपना मतलब सीधा करती है मैं बोल पड़ी थी रहने भी दीजिए जरूरत के समय वह हमेशा हाजिर रहती है यह नहीं देखते आप ठीक है। यह तुम्हारी दुनिया है जो ठीक समझो वह करो इधर महेश दूसरी औरत के चक्कर में पड़ गया था वह रोज शराब पीने लगा था। वह भी करते रात में आता और हंगामा करता अक्सर पार्वती पर हाथ भी उठाने लगा था पार्वती शुद्ध और अनमणि रहने लगी थी 1 दिन रमेश बीना से बोले थे। तुम्हारी छम्मक छल्लो आजकल चुपचाप रहती है शायद किसी परेशानी में है पूछ लो उससे यदि पैसों की जरूरत हो तो दे दो नहीं पैसे की बात नहीं है महेश और दीप दोनों शराब पीने लगे हैं महेश किसी दूसरी औरत के चक्कर में भी पड़ गया है। रमेश आचार्य से बोले थे इतनी सुंदर और सली केदार औरत होने के बावजूद वह दूसरी पर मुंह मार रहा है इधर काम पर आती थी उधर महेश की प्रेमिका उसके घर पर आ जाती थी धीरे-धीरे उसकी हिम्मत पड़ गई थी वह उसके घर में ही अपना हक जताने लगी थी यदि वह कोई शिकायत करती तो महेश पार्वती की पिटाई कर देता था। पार्वती किसी भी तरह अपने और महेश के रिश्ते को बचाना चाहती थी जब उसका नशा उतर जाता था।


तो वह पार्वती के पैरों में गिर कर माफी मांगने लगता था वह पिघल जाती थी यह सिलसिला काफी दिन से चल रहा था वह अपनी परेशानियों से मैं उलझी हुई थी। इधर दीप भी आवारा लड़कों के साथ चोरी जुआ शराब आदि का शौकीन बन गया था पार्वती के यहां वहां से पाए हुए पैसे वह चुपचाप गायब कर लेता था और महेश का नाम लगाकर घर में महाभारत मचवा देता था एक बार उसके नए मोबाइल को देखकर उसने पूछा था तो बोला हमारे मालिक ने हमें इसे ठीक करवाने के लिए दिया है। एक दिन अतीत के पन्ने रुपयों की गद्दी को देख उसका माथा ठनका था। परंतु दीप ने उसे पट्टी पढ़ाती थी वह भी ममता की मारी बुलावे में आ गई थी परंतु एक दिन वह चाल की एक लड़की को फुसलाकर ले भागा था। लड़की नाबालिक कि उसके पिता ने पुलिस में शिकायत कर दी पुलिस ने महेश और पार्वती को थाने में ले जाकर पिटाई की और 2 दिन के लिए बंद कर दिया था। चार-पांच दिन के अंदर पुलिस ने टीम को ढूंढ निकाला था। नाबालिक लड़की को भागने के जुर्म में 30 को जेल में बंद कर दिया था महेश की प्रेमिका माधुरी ने अपनी कोशिशों से महेश को छुड़ा लिया था।


पुलिस ने पार्वती को भी छोड़ दिया था अब महेश का घर उसके लिए पराया हो चुका था। उसकी साउथ माधुरी का हक महेश और उसके घर दोनों पर हो गया था पार्वती लुटी पिटी रीना के पास पहुंची थी। उसका रोना भी लगना देखकर उसका दिल निकला उठा था रमेश के लाख मना करने पर भी उसने पार्वती को घर पर रख लिया था। वह बहुत खुश थी रीना को पार्वती के घर पर रहने से बहुत आराम हो गया था वह उसके घर बाबा कार के सारे काम करती थी। उसको यहां रहते हुए लगभग 2 साल हो गए थे अक्सर में अपने बच्चों और महेश को याद करके आंसू बहाने लगती थी यह देख सीना का दिल पिघल उठता था। आज किसी पार्वती की वजह से उसके घर का सुख चैन लूट गया था शाम ढल चुकी थी। कमरे में अंधेरा छाया हुआ था उसे बिजली जलाने का भी होश नहीं था आज उसके जीवन में ही अंधकार छा गया था वह जब से यहां आई उसने मुंह में पानी की एक बूंद भी नहीं डाली आज वह बहुत अतिथि जीवन से निराश होकर उसका मन फूट-फूट कर रोने को हो रहा था।


रमेश की आवाज से वह वर्तमान में लौट आई थी पर उसे मोबाइल देकर वो ले लो तृषा का दो बार फोन आ चुका है कह रही है क्या बात है मां का फोन स्विच ऑफ आ रहा है। उनकी तबीयत तो ठीक है सुबह यहां से गई थी। तब तो बिल्कुल ठीक थी उनको फोन कीजिए फिर मुझसे बात करें गुड़िया बहुत रो रही है रीना की हेलो बोलते ही तृषा गीत कर बोली थी। क्यों मां बापा मिल गई तो मुझे और मेरी गुड़िया सबको भूल गई कम से कम पहुंचने की खबर तो दे देती रीना अपनी बेटी को शांति दे यथासंभव अपनी आवाज को सामान्य करती हुई बोली थी ना बेटा फ्लाइट में फोन बंद किया था और उसे ऑन करना ही भूल गई थी गुड़िया को गिनती पिला दो और उसके पेट पर ही मार दो पेट दर्द से रो रही होगी। उसने फोन काट दिया था। सामने खड़े रमेश का मुंह उतरा हुआ था वे हाथ जोड़कर उससे बेटी को कुछ ना बताने और कान पकड़कर माफी का इशारा कर रहे थे रीना कशमकश में थी क्या उसका और रमेश का इतना पुराना रिश्ता पल भर में टूट जाएगा। वह सिर पर हाथ रखकर चिंतित मुद्रा में ही बैठी थी हमें अपने अनगढ़ हाथों से सैंडविच और दूध बना कर लाए थे ना तुम मुझे जो चाहे वह सजा दे दो। लेकिन प्लीज पहले यह सैंडविच खा लो रीना को याद आया कि रमेश तो डायबिटिक है प्ले कई घंटों से उन्होंने कुछ नहीं खाया।


रमेश बोले थे उन्हें दो-तीन दिन से बुखार आ रहा था आज सुबह से मेरे सिर में बहुत दर्द भी हो रहा था। इसलिए नाश्ता भी नहीं किया अब रीना ने सिर उठाकर रमेश पर भरपूर ने घर डाली तो वे काफी कमजोर देख रहे थे। उनका मासूम चेहरा डरे हुए बच्चे की तरह लग रहा था सब कुछ भूल कर उसका दिल कसक उठा था यदि रमेश को कुछ हो गया। तो उसने चुपचाप सैंडविच उठा ली थी रमेश ने सिर झुकाकर सैंडविच और दूध पी लिया था रात दिन मजाक करने वाले हंस और रमेश को चुप और गुमसुम देख उसे अटपटा लग रहा था परंतु आज वह मन ही मन एक निश्चय कर चुकी थी। वह आहिस्ता आहिस्ता अलमारी से अपना सामान हटाकर दूसरे बेडरूम में ले जा रही थी वह रमेश की परछाई से भी इस समय दूर जाना चाह रही थी। रमेश जी उदास और पनीर की आंखें चारों तरफ उसका पीछा कर रही थी ना दुनिया में बिल्कुल अकेली हो चुकी थी। जहां कोई ऐसा नहीं था जिससे वह अपने दर्द को कहकर अपना मन हल्का कर सके उसे घुटन महसूस हो रही थी। उसको अपनी दुनिया सुनी और वीरान लग रही थी पीछे से रमेश की धीमी सी आवाज उसके कानों में पड़ी थी। यार तुम्हारे बिना मेरा टाइम पास कैसे होगा आज उस के बढ़ते कदम नहीं रुके थे वह रमेश को अनदेखा करके दूसरे बेडरूम की ओर चल पड़ी थी 


advt


धर्म प्रचारकों का शब्द जाल- प्रचारकों का विशेष गुण

लच्छेदार भाषा का प्रयोग करना किसी भी धर्म के प्रचारकों का विशेष गुण हैं और उनके सारे प्रवचनों का अंत दान दक्षिणा पर होता है। चाहे वह आशाराम बापू हो, कथा वाचक सुरेंद्र विहारी गोस्वामी या कोई और।  सबसे पहले ये लोग खास तोड़ पर हिन्दू धर्म की औरतों को शिकार बनाते है वो दूसरी बात है कि कई मुर्ख पुरुष भी उनके भरम जाल में फंस जाते है।



भीड़ में ज्ञान दिया था कि व्यक्तित्व मैं निखार तब आता है जब भक्ति की लहरें आने लगे, वरना व्यक्तित्व का सागर थमा रहता है। यह कैसा तर्क है? हमारा व्यक्तित्व हमारी बोलचाल हमारी बुद्धि, हमारे व्यवहार, हमारे गुणों पर निर्भर है। भक्ति और वह भी राधा व उसकी सहेलियों जैसी जो कृष्ण की बांसुरी की तान सुनकर सब काम छोड़ कर उसे निहारने के लिए दौड़ पड़े किस काम की। भक्ति का प्रपंच तो तथाकथित भगवान के बिचौलियों को खुश करने के लिए रचा जाता था। इसलिए कथा वाचक भक्ति को परमात्मा से और गुरु को परमात्मा का रूप सिद्ध करने में लगे रहते हैं। शब्द जाल का कमाल देखिए कि कथा वाचक चेतन और जड़ता का अंतर ही समाप्त कर देते हैं। चेतन का अर्थ है जो चैता हुआ है और जब वह चेता हुआ है तो जड़ से कैसे हुआ। 


जड़ कोई कैसे हो सकता है जड़ होगा तो वाचक की कथा सुनने के लिए कैसे आएगा। कथा में जो लोग मौजूद होते हैं उन में पैसे वाले भी होते हैं, बड़े विश्वास से कह दिया जाता है कि भक्ति से आत्मा परमात्मा से मिल जाती है। अगर उन कथावाचकओं के अनुसार परमात्मा कण कण में मौजूद है तो किस की आत्मा में परमात्मा नहीं है। मैं कथा सुनकर परमात्मा के निकट आए, व कथा सुनकर परमात्मा के निकट आए यह शब्द जाल भ्रम फैलाने के लिए है। इसका उद्देश्य है कि परमात्मा के एजेंट गुरु को परमात्मा मानो उसे दान दो, उसकी तन- मन- धन से सेवा करो। 


मजेदार बात यह है कि मंदिरों जहां इस प्रकार के ज्ञान का प्रवाह होता है वहां परमात्मा विराजे रहते हैं। मध्यप्रदेश के मुलताई के जगदीश मंदिर का एक विवाद 2007 से चल रहा है वहां मूर्तियों के आगे पेश या नहीं चल नहीं होती। अदालत में होती हैं विवाद मंदिर की जमीन को लेकर है पर ज्ञान से सराबोर गुरु और उनके समक्ष परमात्मा फैसला नहीं कर पा रहे, फैसला आम आदमी से जज बने न्यायधीश कर रहे हैं। क्या यही शक्ति है भक्ति है?


समलैंगिकता: दुनिया की बदलती सोच

अमेरिका में समलैंगिक विवाह को सुप्रीम कोर्ट से अनुमति ही नहीं मिल गई। उसके पीछे अमेरिका की बदलती सोच है, अमेरिका कहने को तो सदा ही नए सितारों का स्वागत करता रहा है और वहां पुरातन  की कमी ना थी जो चर्च की महत्ता अमेरिका  के अधिकार गर्भपात पर पाबंदी समलैंगिकों को सामाजिक नासूर अपराधी मानना जैसी विचारधारा ऊपर विश्वास रखते थे।



अमेरिका की पूंजीवादी व्यवस्था का परिणाम रहा है और अमेरिकी सोचते रहे हैं कि उनके देश की प्रगति पूंजीवाद के कारण हुई है। पिछले 15 सालों में अमेरिका की सोच में फर्क आ रहा है सामाजिक व आर्थिक मुद्दों पर अमेरिका अब अति पूंजीवादी नीति का समर्थन करने में कतरा ने लगा है। अमेरिका में गे प्राइड उत्सव, समलैंगिक विवाह, लिव इन रिलेशनशिप, विदेशियों को जगह देने के बारे में  कट्टरता कम हो रही है। 


अमेरिका में एक सर्वे के अनुसार कट्टरपंथियों की गिनती 39% से घटकर 31 प्रतिशत रह गई है और उदार बनती वामपंथियों की संख्या पूरी जनता के 21% से बढ़कर 32% हो गई है, यह बदलाव महत्वपूर्ण है क्योंकि अब अमेरिका की नीतियों का बदलाव  दिखने लगा है अमेरिका ने अपनी आर्थिक प्रगति की ने को एक तरह से इंग्लैंड की कट्टरता के विरुद्ध उदार चेहरे के तौर पर पेश किया था। अमेरिका ने व्यक्तिगत स्वतंत्रताओं को संविधान का होते हुए कट्टरपंथी भी बनाने लगा था जब दुनिया के दूसरे देशों में स्वतंत्रताए मिलने लगी तो अमेरिका का संवैधानिक ढांचा वोट के जरिए शासकों को चुना जाना न्यायपालिका प्रेस की स्वतंत्रता के ज्यादा  माने नहीं रहे और कई मामलों में पिछली सदी के अंतिम दशकों में राष्ट्रपति रिचर्ड निक्सन रोनाल्ड रिगन जॉर्ज बुश आदि की छत्रछाया में कट्टरपंथी फले फूले वर्ष 2008 के स्टॉक मार्केट गुब्बारे के फूटने के बाद अमेरिका को एहसास हुआ कि पूंजीवाद बेलगाम हो रहा है और  सक्रिय होना जरूरी है वरना 1% लोग 99% पर कब्जा ही नहीं करेंगे उन्हें लूट भी लेंगे भारत में कट्टरपंथियों को हमेशा जगह मिलती रही है।



इंदिरा गांधी गरीबी हटाओ और समाजवाद के नारों के बावजूद कट्टरपंथी समाज को यथावत रखने के पक्ष में थी बाद में मंडल आयोग के आने के कारण राजनीति में आए नेताओं ने एक कट्टरपंथी सोच को दूसरी कट्टरपंथी सोच में बदलाव था मूलभूत सोच अभी वही ही है दहेज कन्या भ्रूण हत्या किसानों की जमीन हथियाना विचारों पर धार्मिक संस्थाओं के अंकुश का समर्थन ऑनर किलिंग बढ़ता जमीन संघर्ष उसी कट्टरपंथी सोच का नतीजा है। पिछड़े दबे कुचले गरीबों के मसीहा कम्युनिस्ट ममता बनर्जी, लालू प्रसाद यादव, मायावती, मुलायम सिंह यादव और राहुल गाँधी एक कट्टर सोच को दूसरी कट्टर सोच से हटाने मात्र का नाटक कर रहे है और इसलिए आज अति कट्टरपंथी हावी हो रहे हैं। यह असल में विस्फोटक स्थिति है। डकैती खुले विचारों की जमीन पर हो सकती है। पथरीली जमीन पर पेड़ नहीं उगते अमेरिका एक राह दिखा रहा है दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र क्या सर्वशक्तिमान लोकतंत्र से कुछ दिखेगा। 


शुक्रवार, 4 सितंबर 2020

advt


गौतम बुध नगर: 24 घंटे में दो हत्या व ताबड़तोड़ लूट से थर्राया जिला


गौतमबुद्ध नगर में पिछले 24 घंटे में हुई दो हत्या व लूट की ताबड़तोड़ वारदात ने पूरी जिले को हिला कर रख दिया है। लगातार हो रही घटनाओं का पर्दाफाश करना पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ है। बुधवार सुबह नौ बजे शुरू हुई घटनाएं बृहस्पतिवार सुबह तक हुई। काले रंग की पल्सर सवार बदमाश पुलिस के लिए सिरदर्द बने हुए है। नोएडा में छात्र से कार लूट के मामले में आशु गिरोह पर फिर से पुलिस की निगाह टेढ़ी हो गई है। वहीं जेवर में हुई हत्या का पर्दाफाश के लिए पुलिस की चार टीमें गठित की गई है। हत्या के संबंध में जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह ने मुख्यमंत्री से बात कर स्वजन को आर्थिक मदद दिलाने का प्रयास किया है। आलाधिकारियों का दावा है कि जिन घटनाओं का पर्दाफाश नहीं हुआ है उसके आरोपित जल्द ही पुलिस गिरफ्त में होंगे।


किसान नेता की गोली मारकर हत्या


जेवर कोतवाली क्षेत्र के गांव नीमका में बुधवार रात पुरानी रंजिश के चलते किसान नेता की गोली मारकर हत्या कर दी गई। युवक जेवर विधायक के करीबी था। हत्या के बाद गांव में स्थिति तनावपूर्ण हो गई। गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है। पोस्टमार्टम होने के बाद शव का अंतिम संस्कार किया गया। जिसमें जेवर विधायक धीरेंद्र भी शामिल हुए। पुलिस ने बताया कि युवा किसान नेता 32 वर्षीय प्रदीप के फोन पर बुधवार शाम को गांव के ही लारेंस ने फोन किया। उन्हें गांव के बाहर स्थित एक ढाबे पर आने के लिए कहा। कुछ देर बाद प्रदीप वहां पहुंच गए। ढाबे पर पहले से ही साजिश के तहत लारेंस, आकाश, विपिन, चमन सिंह व उमेश उनका इंतजार कर रहे थे। प्रदीप के ढाबे पर पहुंचते ही आरोपित उसे जंगल की तरफ ले गए। वहां प्रदीप के सिर व सीने पर दो गोली मारकर हत्या कर दी गई। गोलियों की आवाज सुनकर ग्रामीणों के साथ स्वजन घटनास्थल पर पहुंच गए। स्वजन की शिकायत पर दस लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। बताया गया है कि प्रदीप जेवर विधायक के करीबी थे। 



जिद्दी इकलौती युवती के लिए चलाई राजधानी एक्सप्रेस,

ट्रेन में अनन्या इकलौती सवारी थी। 930 यात्रियों में 929 को रेलवे डालटनगंज से बसों से गंतव्य की ओर पहले ही रवाना कर चुकी थी। संभवत: रेलवे के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है जब एक सवारी को छोड़ने के लिए राजधानी एक्सप्रेस ने 535 किलोमीटर की दूरी तय की। डालटनगंज रेलवे स्टेशन के प्रबंधक अनिल कुमार तिवारी ने बताया कि वह मुगलसराय से रांची के लिए नई दिल्ली रांची स्पेशल राजधानी एक्सप्रेस में सवार हुई थी। अनन्या ट्रेन की बी-3 कोच में सवार थी। 51 नंबर सीट पर बैठी थी। अनन्या रांची के एचइसी कालोनी की रहने वाली हैं। वह बीएचयू में एलएलबी की पढ़ाई करती हैं।


जाऊंगी तो राजधानी एक्सप्रेस से ही। यदि बस से जाना होता तो ट्रेन का टिकट क्यों लेती। बस से सफर कर रांची आती। टिकट राजधानी एक्सप्रेस का है तो इसी से जाऊंगी। टाना भगतों के आंदोलन से डालटनगंज स्टेशन पर फंसी राजधानी एक्सप्रेस में सवार अनन्या ने यह जिद पकड़ ली तो रेलवे अधिकारी भी परेशान हो गए। क्या करें, उन्हें समझ में नहीं आ रहा था। अंत में जिद के आगे उन्हें झुकना पड़ा। राजधानी एक्सप्रेस शाम करीब चार बजे डालटनगंज से वापस गया ले जाकर गोमो और बोकारो होते हुए रांची के लिए रवाना करनी पड़ी। रात करीब 1.45 बजे ट्रेन रांची रेलवे स्टेशन पहुंची।







 






सज्जन कुमार को SC से नहीं मिली राहत

1984 में हुए दिल्ली सिख दंगा मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे कांग्रेस के पूर्व सांसद और दिल्ली के दिग्गज नेता सज्जन कुमार की जमानत याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में शुक्रवार को सुनवाई हुई, लेकिन उन्हें कोई राहत नहीं मिली। शुक्रवार को सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने जमानत देने से इनकार करते हुए कहा कि सज्जन कुमार की मेडिकल रिपोर्ट में कहा गया है कि इस समय उनके अस्पताल में भर्ती होने की आवश्यकता नहीं है, और इसलिए उन्हें अस्पताल में नहीं रहना चाहिए। पूर्वी दिल्ली स्थित मंंडोली जेल में सिख दंगा मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे सज्जन कुमार ने खराब स्वास्थ्य के आधार पर जमानत की गुहार लगाई थी।यहां पर बता दें कि दिल्ली से लोकसभा सांसद रह चुके कांग्रेस नेता सज्जन कुमार पर हत्या, साजिश, दंगा भड़काने और भड़काऊ भाषण देने का आरोप था। पिछले साल दिल्ली हाई कोर्ट की डबल बेंच ने 1984 के सिख विरोधी दंगों के एक मामले में निचली अदालत के फैसले को पलटते हुए कांग्रेस नेता सज्जन कुमार दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी। साथ ही पांच लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया था। इसके बाद से वह मंडोली जेल में सजा भुगत रहे हैं।


शुक्रवार, 28 अगस्त 2020

ADVT


नेपाल में अब विदेशी डिप्लोमैट्स सीधे राष्ट्रपति या नेताओं से नहीं मिल सकेंगे

नेपाल के विदेश मंत्रालय ने विदेशी राजनयिकों के लिए नियमों में बदलाव करने का फैसला किया है। प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली की सरकार ‘डिप्लोमैटिक कोड ऑफ कंडक्ट’ बदलने जा रही है। इसके तहत अब कोई भी फॉरेन डिप्लोमैट किसी भी नेता से सीधे मुलाकात नहीं कर सकेगा। इसके लिए दूसरे देशों की तरह एक तय प्रक्रिया या प्रॉपर डिप्लोमैटिक प्रोटोकॉल और चैनल होगा।


कुछ महीने से नेपाल में सियासी संकट चल रहा है। इस दौरान चीन की राजदूत होउ यांगकी ने सत्तारूढ़ नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एनसीपी) के कई नेताओं के अलावा राष्ट्रपति बिद्या देवी भंडारी तक से सीधे मुलाकात की थी। इसको लेकर नेपाली मीडिया और यहां तक कि आम लोगों ने सवाल उठाए थे।


जॉर्डन : अम्मान मे शुक्रवार से लॉकडाउन

जॉर्डन में एक बार फिर लॉकडाउन की तैयारी है। पहले चरण में राजधानी अम्मान में लॉकडाउन किया जाएगा। यहां की हेल्थ मिनिस्ट्री ने एक बयान में कहा- अब सख्त कदम उठाने के अलावा कोई रास्ता नहीं है। अगर लोग सावधानी रखते तो शायद यह नहीं करना पड़ता। शुक्रवार को अम्मान में लॉकडाउन लगाया जा रहा है। लॉकडाउन इतना सख्त रहेगा कि मेडिकल स्टोर्स के अलावा किसी बिजनेस को खोलने की मंजूरी नहीं दी गई है।


हेल्थ इमरजेंसी की घोषणा करने के नियम बदलेंगे: डब्ल्यूएचओ

डब्ल्यूएचओ ने कहा है कि उसने एक कमेटी बनाई है जो हेल्थ इमरजेंसी की घोषणा करने के नियम बदलेगी। कोरोना महामारी के बाद डब्ल्यूएचओ पर दुनिया को देरी से जानकारी देने के आरोप लगते रहे हैं। डब्ल्यूएचओ ने 30 जनवरी को कोरोना के चलते हेल्थ इमरजेंसी की घोषणा की थी। उसका दावा है कि इस दौरान चीन में केवल 100 मामले थे। अब डब्ल्यूएचओ ने अपने नियमों की समीक्षा की एक कमेटी बनाई है। जिससे देखा जाएगा कि क्या नियमों में कोई बदलाव किया जाना चाहिए?


फ्रांस: फिर पांच हजार से ज्यादा मामले

फ्रांस में गुरुवार को 6111 नए मामले सामने आए। खास बात यह है कि ये सभी मामले उन इलाकों में सामने आए हैं, जहां दूसरी बार लॉकडाउन हटाया गया है। इसके अलावा कुछ ऐसे क्लस्टर भी सामने आए हैं, जिनके बारे में कहा जा रहा है कि यहां हाई रिस्क जोन अब भी बने हुए हैं। हेल्थ मिनिस्ट्री ने कहा है कि अप्रैल के बाद कुछ इलाकों में मामले तेजी से बढ़े हैं। अगर जरूरत हुई तो इन इलाकों में फिर लॉकडाउन किया जाएगा। फ्रांस में कुल मामले ढाई लाख से ज्यादा हो चुके हैं।


सर्दियां आने पर यूरोप में संक्रमण घातक होगा: डब्ल्यूएचओ

दुनिया में कोरोनावायरस के अब तक 2 करोड़ 45 लाख 34 हजार 211 मामले सामने आ चुके हैं। इनमें 1 करोड़ 70 लाख 675 मरीज ठीक हो चुके हैं, जबकि 8 लाख 33 हजार 173 की मौत हो चुकी है। ये आंकड़े www.worldometers.info/coronavirus के मुताबिक हैं।


वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन (डब्ल्यूएचओ) ने गुरुवार को चेतावनी दी है कि सर्दियों आने पर यूरोप में कोरोना का कहर बढ़ जाएगा। अस्पतालों में भर्ती होने वाले लोगों की संख्या बढ़ेगी और मृत्यु दर में भी इजाफा होगा। यूरोप में डब्ल्यूएचओ के रीजनल डाइरेक्टर हेनरी क्लग ने कहा, "सर्दियों में युवा लोग बुजुर्ग आबादी के ज्यादा करीब होंगे। हम गैरजरूरी भविष्यवाणी नहीं करना चाहते, लेकिन इसकी निश्चित रूप से आशंका है। इस दौरान ज्यादा लोग अस्पतालों में भर्ती होंगे और मृत्युदर बढ़ जाएगी।"


मैक्सिको बॉर्डर पर 482 किमी. लंबी दीवार बनवाई: ट्रम्प

नार्थ अमेरिकन फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एनएएफटीए) को खत्म करना या बदलना मुमकिन नहीं था, लेकिन मैंने इसे गलत साबित किया। इस साल मैंने अमेरिका मैक्सिको कनाडा एग्रीमेंट पर साइन किए। अब ऑटो कंपनियां अमेरिका में अपने प्लांट बना रही हैं। वे अमेरिकी स्टाफ को न तो निकाल रही है और न ही देश छोड़ कर जा रही है। मैंने इलीगल माइग्रेंट्स को रोकने के लिए भी कदम उठाए। मैक्सिको से सटी सीमा पर 300 मील (करीब 482 किमी.) लंबी दीवार बनाई है। हर हफ्ते करीब 16 किमी. दीवार बनाई भी जा रही है।


बिडेन के अमेरिका में कोई सुरक्षित नहीं होगा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प शुक्रवार को व्हाइट हाउस से रिपब्लिकन पार्टी के नेशनल कन्वेंशन में शामिल हुए और एक्सेपटेंस स्पीच दी। उन्होंने कहा कि डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रेसिडेंशियल कैंडिडेट जो बिडेन के जीतने पर अमेरिका में कोई भी सुरक्षित नहीं रहेगा। बिडेन एक ऐसे नेता रहे हैं जिनका लेफ्ट एक्स्ट्रिमिस्ट रहने का रिकॉर्ड रहा है। अगर वे सत्ता में आते हैं तो अमेरिका खतरनाक बन जाएगा, यहां कानून खत्म हो जाएगा। ट्रम्प देश के पहले ऐसे नेता हैं जिन्होंने किसी पार्टी के नेशनल कन्वेंशन में व्हाइट हाउस से एक्सेपटेंस स्पीच दी। इस मौके पर उनके हजारों समर्थक भी व्हाइट हाउस लॉन में मौजूद रहे। अपने 1 घंटे 11 मिनट के भाषण में ट्रम्प ने जहां विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी पर निशाना साधा वहीं इलीगल इमिग्रेशन, पेरिस क्लाइमेट अकॉर्ड को खत्म करने जैसे अपने कामों को गिनाया।


सिब्बल बोले- कांग्रेस अपने ही लोगों पर सर्जिकल स्ट्राइक कर रही

केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद को पार्टी से निकालने की मांग


यूपी की लखीमपुर जिला कांग्रेस कमेटी ने चिट्‌ठी लिखने वाले नेताओं के खिलाफ 5 प्रस्ताव पारित किए हैं। इनमें एक में पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद को पार्टी से निकालने की मांग की गई है। इसके विरोध में पार्टी के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल ने गुरुवार को ट्वीट कर कहा, ‘यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि यूपी में कांग्रेस जितिन प्रसाद को आधिकारिक तौर पर निशाना बना रही है। पार्टी को अपने लोगों पर नहीं, बल्कि भाजपा पर सर्जिकल स्ट्राइक करने की जरूरत है।’ कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने भी सिब्बल का ट्वीट शेयर कर लिखा- ‘भविष्यज्ञानी।’ तिवारी भी सोनिया को चिट्‌ठी लिखने वालों में शामिल हैं।


'वफादार होने का दावा करने वाले ओछी राजनीति कर रहे': गुलाम

गुलाम नवी ने कांग्रेस वर्किंग कमेटी समेत, राज्यों के प्रमुख, जिला अध्यक्ष, ब्लॉक अध्यक्ष के पदों पर भी चुनाव करवाने पर जोर दिया। साथ ही कहा "जो लोग चुनाव करवाने का विरोध कर रहे हैं, उन्हें अपने पद खोने का डर है। जो वफादार होने का दावा कर रहे हैं, वे हकीकत में ओछी राजनीति कर रहे हैं। इससे पार्टी और देश को नुकसान होगा।"


"आंतरिक चुनाव में 51% वोट मिलने वाले की जीत होती है। इसका मतलब ये हुआ कि चुने हुए अध्यक्ष के साथ 51% लोग होते हैं। अगर कांग्रेस वर्किंग कमेटी के सदस्य चुनाव से तय होंगे, तो उन्हें हटाया नहीं जा सकता। इस बात में परेशानी क्या है?"


कांग्रेस में प्रमुख पदों पर चुनाव नहीं हुए तो 50 साल तक विपक्ष में ही बैठे रहेंगे: गुलाम नबी

राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने एक बार फिर कांग्रेस वर्किंग कमेटी और संगठन के प्रमुख पदों पर चुनाव करवाने पर जोर दिया है। आजाद ने गुरुवार को कहा, "चुने हुए लोग लीड करेंगे तो पार्टी के लिए अच्छा होगा, नहीं तो कांग्रेस अगले 50 साल तक विपक्ष में बैठी रहेगी। हो सकता है कि नियुक्त (अपॉइंट) किए जाने वाले अध्यक्ष को 1% लोगों का भी समर्थन नहीं हो।"


जेईई-नीट: परीक्षाएं टालने की मांग को लेकर कांग्रेस का 10 राज्यों में प्रदर्शन

NEET और JEE की परीक्षाएं टालने की मांग को लेकर कांग्रेस ने शुक्रवार को दिल्ली, गुजरात समेत 10 राज्यों में विरोध-प्रदर्शन किया। साथ में सोशल मीडिया पर राष्ट्रव्यापी ऑनलाइन अभियान चलाया।


कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने कहा कि स्टूडेंट हमारा भविष्य हैं। बेहतर भारत का निर्माण भी इन्हीं छात्रों पर ही निर्भर है। इसलिए, अगर उनके भविष्य से जुड़ा कोई भी फैसला लिया जाता है, तो उसे छात्रों की सहमति से ही लिया जाना चाहिए।


बुधवार, 26 अगस्त 2020

कोरोना काल में डॉक्टरों ने बढ़ाई फीस

नोएडा। कोरोना बीमारी की आड़ में डॉक्टरों द्वारा पीपीई किट पहनना मरीजों की जेब पर भारी पड़ रहा है। वैसे तो फ्रंटलाइन वर्रिएर कहे जाने वाले डॉक्टर व अस्पतालों ने कोरोना की आड़ में अपनी अपनी फीस बढ़ा दी है, साथ ही उनके नखरे भी बढ़ गए हैं, जिससे मरीज काफी परेशान दिखाई दे रहे हैं।


अस्पतालों में तो भर्ती करने से पहले कोविद जाच कराना जरूरी कर देने से उनकी जेब पर बोझ पड़ रहा है। पहले जिन डॉक्टरों की ओपीडी फीस ₹500 थी, उन्होंने पीपी किट पहनकर अपने चार्ज ₹1000 कर दिए हैं पी पी किट, दस्ताने, मास्क आदि डॉक्टर अपनी सुरक्षा के लिए लगा रहे हैं और खर्चा मरीजों से वसूला जा रहा है। 


डासना जेल: ₹300 किलो का मटर पनीर 500 का हुआ

भाजपा कार्यकाल के दौरान डासना जेल में मटर पनीर की कीमतों में जबर्दस्त इजाफा हुआ है, यह कहना है यादव सिंह ग्रुप के एक इंजीनियर का जो हाल ही में डासना जेल की शुभ यात्रा कर अभी जमानत पर लौटे हैं।


भाजपा कार्यकाल और मोदी को जमकर कोसा के बाद इन महोदय का अपना ही अलाप शुरू हो गया। पहले तो यादव सिंह के साथ मिलकर जमकर भ्रष्टाचार किया और अब जब गिरफ्तार कर जेल में जेल की यात्रा करनी पड़ी तो ऐसे अपने जेल के अनुभव को लोगों को बता रहे हैं जैसे भगवान कृष्ण गीता उपदेश दे रहे हो, शर्म आने की बजाय नोएडा के तमाम इंजीनियर अभी भी सड़कों पर सीना तान कर घूमते हैं जैसे बहुत बड़ी देशभक्ति का कार्य करते हुए डासना जेल में बंद रहे हो।


समाज व देश के लिए धब्बा इन लोगों ने जनता के पैसे को जमकर लूटा था और ऐश कर रहे थे, अब पकड़े गए तो सरकार बुरी है। मौजूदा लोग भी पूरी तरह से मज्जे लेते हुए कहने लगे कि यादव सिंह जैसे लोगों को तो भारत रत्न दिया जाना चाहिए था।  


ADVT


मंगलवार, 25 अगस्त 2020

advt


प्रशांत भूषण का सुप्रीम कोर्ट से माफी मांगने से इनकार

वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने न्यायपालिका के प्रति अपमानजनक दो ट्वीट के लिए सुप्रीम कोर्ट से माफी मांगने से सोमवार को इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि इनमें उन्होंने अपने उन विचारों को व्यक्त किया है जिन पर वह हमेशा विश्वास करते हैं। आज सुप्रीम कोर्ट उनकी सजा पर फैसला कर सकता है। उन्हें माफी मांगने के लिए 24 अगस्त तक का समय दिया गया था।


दो ट्वीट के लिए अवमानना के दोषी ठहराए गए
प्रशांत भूषण ने अवमानना के मामले में दाखिल अपने पूरक बयान में कहा कि पाखंडपूर्ण क्षमा याचना मेरी अंतरात्मा और एक संस्थान के अपमान समान होगा। शीर्ष अदालत ने प्रशांत भूषण को इन दो ट्वीट के लिए न्यायालय की आपराधिक अवमानना का दोषी ठहराया है।
प्रशांत भूषण ने कहा कि अदालत के अधिकारी के रूप में उनका मानना है कि जब भी उन्हें लगता है कि यह संस्था अपने स्वर्णिम रिकार्ड से भटक रही है तो इस बारे में आवाज उठाना उनका कर्तव्य है।


भूषण ने कहा, इसलिए, मैंने अपने विचार अच्छी भावना में व्यक्त किए, न कि सुप्रीम कोर्ट या किसी प्रधान न्यायाधीश विशेष को बदनाम करने के लिए, बल्कि रचनात्मक आलोचना पेश करने के लिए ताकि संविधान के अभिभावक और जनता के अधिकारों के रक्षक के रूप में अपनी दीर्घकालीन भूमिका से इसे किसी भटकाव से रोका जा सके। 


उन्होंने कहा, मेरे ट्वीट इस सदाशयता के विश्वास का प्रतिनिधित्व करते हैं जिन्हें मैं हमेशा अपनाता हूं। इन आस्थाओं के बारे में सार्वजनिक अभिव्यक्ति एक नागरिक के रूप में उच्च दायित्वों और इस न्यायालय के बफादार अधिकारी के अनुरूप है। इसलिए इन विचारों की अभिव्यक्ति के लिये सशर्त या बिना शर्त क्षमा याचना करना पाखंड होगा। 


पट्रोल के दाम में आज भी 11 पैसे तक का इजाफा

सरकारी तेल कंपनियों की ओर से आज डीजल की कीमत में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। हालांकि पेट्रोल की कीमत में मंगलवार को एक बार फिर 09 से 11 पैसे की बढ़ोतरी कर दी गई। इससे पहले 30 जुलाई को दिल्ली सरकार ने डीजल के दाम मेें 8.36 रुपये की कटौती थी जिससे दिल्ली में डीजल का दाम बाजार में 73.56 रुपये प्रति लीटर हो गया था।


ADVT


बुधवार, 19 अगस्त 2020

नोएडा में पत्रकारिता के जनक रमेश चंद्र शर्मा का स्वर्गवास

नोएडा में पत्रकारिता जगत के भीस्मपिता कहे जाने वाले श्री रमेश चन्दर शर्मा का 19 अगस्त की सुबह ८:४५ पर निधन हो गया। खबर मिलते ही नोएडा के अधिकारी, समाजसेवी और तमाम नेता उनके घर पहुंच उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंच गए, उनका अंतिम संस्कार सेक्टर 94 स्थित अंतिम निवास पर दोपहर १:०० बजे किया गया।



नोएडा के सबसे पहले पत्रकार रमेश चन्दर शर्मा अन्य समाज ने 1981 में नोएडा का सबसे पहला समाचार पत्र नोएडा दर्पण की शुरुवात की थी। स्वर्गीय शर्मा जी इसके अलावा कांग्रेस के भी वरिष्ठ नेता भी थे व् कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता भी रहे।  इसके अलावा नोएडा उद्यमी परिषद् व् फेडरेशन ऑफ़ नोएडा इंडस्ट्रीज के भी अध्यक्ष रहे।  श्री शर्मा जी ने अपने करियर की शुरवात अध्यापक के रूप में की, हरौला ग्राम के मूलत निवासी रमेश जी नोएडा शहर में लोगो के मन में बसे थे।  


मंगलवार, 18 अगस्त 2020

आईपीएस अधिकारी के घर से 3 लाख की शराब चोरी


  • बदनामी के डर से रिपोर्ट भी दर्ज नहीं करवा सकते

  • सवाल उठेगा 3लाख की शराब आई कहां से


नोएडा। नित नये कारनामों के लिए प्रसिद्ध उत्तर प्रदेश पुलिस के एक आला अधिकारी के घर से ₹300000 से ज्यादा की विदेशी ब्रांड की शराब चोरी हो गई। जिले के बाहर तैनात आईपीएस महोदय पिछले कुछ समय से मुफ्त की शराब इक्कठी कर रहे थे, जिस पर चोरों ने धावा बोल दिया। आलम यह है कि ना तो इस चोरी की ही रिपोर्ट चोरी की रिपोर्ट दर्ज करवा सकते हो और ना ही अपना दुखड़ा किसी के सामने सुना सकते हैं क्योंकि इतनी मात्रा में शराब रखने का ना तो लाइसेंस उनके पास होगा और ना ही यह बता सकते कि बोतले उन्हें उनके चाहने वालों ने मुफ्त में भेंट की थी। उल्टा कार्य उनकी कार्यशैली पर सवाल उठाए जाए। 



भ्रष्टाचार में लिप्त पांचो आईपीएस अधिकारियों की जांच सार्वजनिक की जाए

नोएडा साल 2020 की शुरुआत काफी धमाकेदार रही थी। गौतम बुध नगर जिले में तैनात रहे दबंग आईपीएस अधिकारी ने ट्रांसफर पोस्टिंग भ्रष्टाचार में लिप्त 5 आईपीएस अधिकारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर आईपीएस अधिकारियों द्वारा व्हाट्सएप चैट सार्वजनिक भी कर दिया था। 



उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की रिकॉर्डिंग, जिसमें वे ट्रांसफर पोस्टिंग के नाम पर पैसों का लेन-देन की बात कर रहे थे और 1 जिले के कप्तान ओवरलोड गाड़ियों को पास करवाने का सौदा कर रहे थे। इस संबंध में एसएसपी वैभव कृष्ण ने जांच रिपोर्ट मामला सार्वजनिक होने से पहले ही गृह मंत्रालय को भेज दी थी, लेकिन काफी समय बाद भी जब कोई कार्रवाई इस संबंध में नहीं हुई तो उन्होंने मामला सार्वजनिक किया था। 


तमाम प्रकरण में गौरतलब रहा कि डीजीपी और गृह मंत्रालय को इन अधिकारियों के 'कुकृत्य' की रिपोर्ट मिलने के बाद भी इन पर क्यों कोई कार्यवाही नहीं की गई? कार्रवाई ना होना यह दर्शाता है कि ट्रांसफर पोस्टिंग व अन्य आपराधिक मामलों में पुलिस विभाग व गृह मंत्रालय की भी सांठगांठ रही होगी।


आज इस मामले को बीते 8 माह हो चुके हैं लेकिन ना तो प्रदेश सरकार और ना ही गृह मंत्रालय ने जांच रिपोर्ट सार्वजनिक की है, और ना ही किसी भी चर्चित अधिकारी पर कोई कार्रवाई। 


'नोएडा दर्पण' को इस संबंध में मालूम चला है कि भ्रष्टाचार में ना में पांचो आईपीएस अधिकारियों को विभिन्न महकमों जैसे पीएसी, ट्रेंनिंग इंस्टीट्यूट आदि में पोस्टिंग दे दी गई है जबकि इस पूरे मामले को खोलने वाले आईपीएस अधिकारी वैभव कृष्ण को सस्पेंड किया हुआ है। वही प्रदेश की भाजपा सरकार द्वारा आरोपी पुलिस अधिकारियों पर कोई कार्यवाही नहीं करना प्रदेश सरकार को भी कटघरे में खड़ा करता है? इसके अलावा आज घटना को सामने आए 8 महीने बीतने पर भी जांच पूरी ना हो ना वह जांच को सार्वजनिक ना करना सरकार की मंशा पर सवाल खड़े करता है? प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने तेजतर्रार व कठोर रवैया के कारण जाने जाते हैं लेकिन इस विषय पर मौन हैं?


रविवार, 9 अगस्त 2020

पुल के स्तंभों की तरह ढाली जाएगी श्रीराम जन्मभूमि पर मंदिर की नींव : चंपत राय

रामनगरी अयोध्या में भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर के निर्माण का काम चंद रोज में शुरू हो जाएगा। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट की योजना ऐसा सुदृढ़ राम मंदिर बनाने की है, जो हजार साल तक आंधी-तूफान और मौसम की मार बर्दाश्त करने में सक्षम होगा।


इस योजना के अनुरूप मंदिर की नींव इस तरह ढाली जाएगी, जैसे बड़ी नदियों पर बनने वाले पुल के स्तंभों का निर्माण होता है। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव चंपत राय ने शुक्रवार को कारसेवकपुरम में मीडिया से बातचीत में कहा कि अयोध्या में मंदिर के भूमि पूजन में के सहयोग करने वाले सभी लोगों का धन्यवाद। उन्होंने कहा कि हम यहां पधारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के व्यवहार तथा विनम्रता का अभिनंदन करते हैं। मंदिर निर्माण में अब आगे की प्रक्रिया शुरू हो गई है। मंदिर निर्माण में कुछ तकनीकी काम बाकी है।



कारसेवकपुरम में मंदिर निर्माण की भावी कार्ययोजना के संबंध में संवाददाताओं से बात करते हुए श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा कि यह सामान्य मकान का निर्माण कार्य नहीं है। उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य से जुड़ी अंतरराष्ट्रीय ख्याति की कंपनी लार्सन एंड टुब्रो के विशेषज्ञ नींव की ड्राइंग को अंतिम स्वरूप देने में लगे हैं। सारा दारोमदार नींव पर ही है। इसके साथ ही प्रस्तावित मंदिर का मानचित्र विकास प्राधिकरण से स्वीकृत कराया जाएगा। 


मंदिर का परकोटा तो पांच एकड़ में ही है, पर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव के मुताबिक, मानचित्र संपूर्ण 70 एकड़ के रामजन्मभूमि परिसर को ध्यान के रखकर निर्मित कराया जाएगा। हालांकि उन्होंने अभी यह बताने से इनकार किया कि मंदिर के अलावा 70 एकड़ के परिसर में और क्या-क्या निर्मित होगा। उन्होंने यह जरूर स्पष्ट किया कि मंदिर के मानचित्र का शुल्क जमा करने में हमें किसी छूट की अपेक्षा नहीं है और जो शुल्क होगा, उसे पूरा जमा किया जाएगा। 


फर्जीवाड़ा कर दो लोगों के खाते से 18 हजार निकाले

नोएडा। फर्जीवाड़ा कर जालसाजों ने दो लोगों के खाते से करीब 18 हजार रुपये निकाल लिए। जानकारी होने पर पीडि़तों ने पुलिस से शिकायत की है। फर्जीवाड़े की पहली घटना दिग्विजय सिंह के साथ हुई। मूलरूप से फतेहपुर निवासी दिग्विजय सिंह सेक्टर-62 स्थित नवादा गांव में रहते हैं। 15 जुलाई की सुबह उन्होने सेक्टर-62 स्थित एक एटीएम से खाते से एक हजार रुपये निकालने की कोशिश की लेकिन नही निकले। एटीएम स्क्रीन एरर आने लगा। इसके बाद वह चले गए। इसके कुछ देर बाद उनके खाते से 13 हजार पांच सौ रुपये निकलने का एसएमएस मिला।



 


सेक्टर 62 में बदमाशों और पुलिस के बीच मुठभेड़, दो को लगी गोली

नोएडा।  कोतवाली सेक्टर-58 क्षेत्र के सेक्टर 62 में शनिवार रात हुए पुलिस मुठभेड़ में दो बदमाश गोली लगने से घायल हुए व मौके से पकड़े गए, जबकि इनका एक साथी मौके से भागने में कामयाब रहा। पकड़े गए आरोपितो की पहचान सोनू उर्फ करोरी निवासी खजूरी कट विजयनगर व युसूफ निवासी प्रताप विहार विजय नगर गाजियाबाद के रूप में हुई। पकड़े गए आरोपितो के पास से दो तमंचा, चार खोखा कारतूस, एक बैग जिसमें रखे 16 मोबाइल फोन, काफी मात्रा में ज्वेलरी सहित अन्य सामान बरामद हुआ है। कोतवाली सेक्टर 58 प्रभारी शावेज खान ने बताया कि पकड़े गए दोनों आरोपित शातिर लुटेरे हैं व चोरी की वारदात को भी अंजाम देते हैं। इनके खिलाफ पहले से करीब एक दर्जन मामले दर्ज हैं। नोएडा व गाजियाबाद में कई घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। कोतवाली सेक्टर 58 पुलिस के अनुसार शनिवार रात पुलिस टीम सेक्टर 62 में चेकिंग कर रही थी। लेकिन पुलिस ने यह नहीं बताया की पिछले कुछ समय से केवल बदमाशों ही गोलीबारी में घायल हो रहे है, पुलिस की कर्यशैली से ऐसा लग रहा है कि उन्हें मालूम होता है कि बदमाश यहां से गुजरने वाले है और वो उनके इंतज़ार में घात लगाकर बैठ जाते है और जैसे ही बदमाश आते है उनके पैर में गोली मारकर घायल कर मुठभेड़ देखा दी जाती है, जबकि मुठभेड़ में दोनों ही पक्छो को चोटे आती है, शहर के लोगो को व् सभी प्रशासन के अधिकारिओ को ये मुठभेड़े संदिग्ध लगती है, लेकिन घायल होने वाले अपराधी होते है इसलिए वो भी चुप हो जाते है।  उन्हें भी शंका रहती है कि किसी दिन अपरिधियो या फिर गुड वर्क के चककर में पुलिस किसी मासूम का एनकाउंटर न कर दे।  



इस दौरान मोटरसाइकिल सवार तीन संदिध वहां से निकले। पुलिस टीम ने चेकिंग के लिए रोकने की कोशिश की तो बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस की तरफ से हुई जवाबी फायरिंग में दो बदमाशों के पैर में गोली लगी वह घायल हुए व मौके से पकड़े गए। जबकि इनका 1 साथी मौके से भागने में कामयाब रहा। घायल बदमाशों को पुलिस ने तत्काल इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। पुलिस इन पकड़े गए दोनों बदमाशों से पूछताछ कर फरार आरोपित को पकड़ने की कोशिश कर रही है।


मुंबई की सबसे बड़ी झुग्गी बस्ती धारावी में शुक्रवार को सात नए मामले सामने आए

मुंबई की सबसे बड़ी झुग्गी बस्ती धारावी में शुक्रवार को सात नए मामले सामने आए। यहां संक्रमितों की संख्या बढ़कर 2,604 पहुंच गई। उधर, पुणे में एक्टिव कोरोना संक्रमितों की संख्या देश में सबसे ज्यादा हो चुकी है। शुक्रवार तक यहां कुल संक्रमित मरीज 1 लाख 264 हैं, जिनमें से 30 हजार से ज्यादा एक्टिव पेशेंट हैं। यहां 2290 मरीजों की मौत भी हो चुकी है। लगातार बढ़ते मामलों के बीच अब पुणे में 3 जंबो कोविड सेंटर तैयार किए गए हैं। हर सेंटर में 600 ऑक्सीजन बेड और 200 आईसीयू बेड लगाये गए हैं।


देश में 24 घंटे में रिकॉर्ड 65 हजार से ज्यादा मरीज मिले

देश में शनिवार का दिन एक बुरी खबर लेकर आया। यहां कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 21 लाख के पार हो गया। 24 घंटे में 65 हजार 156 लोग कोरोना पॉजिटिव मिले। इसी के साथ महाराष्ट्र में संक्रमितों का आंकड़ा 5 लाख से ज्यादा हो चुका है। एक दिन में यहां रिकॉर्ड 12,822 संक्रमित मिले हैं। ये आंकड़े covid19india.org के मुताबिक हैं।


केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, देश में रिकवर हुए मरीजों की कुल संख्या 14.79 लाख से ज्यादा हो गई है। रिकवरी रेट में लगातार सुधार हो रहा है। यह अब बढ़कर 68.32% हो गया है जबकि मृत्यु दर 2.04% है। देश में अब तक 2 करोड़ 33 लाख 87 हजार 171 सैंपल की जांच हो चुकी है।


इस बीच, केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री कैलाश चौधरी और केंद्रीय मंत्री अर्जुन मेघवाल की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। दोनों ने ट्वीट कर इस बात की जानकारी सभी के साथ साझा की।


 


आत्मनिर्भर: रक्षा इक्विपमेंट्स देश में ही तैयार होंगे: राजनाथ

101 रक्षा सामानों के आयात पर प्रतिबंध लगाया जाएगा


रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को आत्मनिर्भर भारत बनने की दिशा में बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि विदेशों से आयात होने वाले 101 रक्षा उत्पादों पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। इन्हें अब देश में ही तैयार किया जाएगा। इसका मकसद देश के रक्षा बाजार को मजबूत करना है। इन उपकरणों को तैयार करने में रक्षा अनुसंधान और विकास संस्थान (डीआरडीओ) की मदद ली जाएगी। इसे तीनों सेनाओं की जरूरत के हिसाब से तैयार किया जाएगा।


तीनों सेनाओं ने अप्रैल 2015 से अगस्त 2020 के बीच ऐसी 260 स्कीम्स पर काम किया। इनकी लागत करीब 3.5 लाख करोड़ रुपए थी। अगले 6 या 7 साल में डोमेस्टिक डिफेंस इंडस्ट्री को करीब 4 लाख करोड़ रुपए के कॉन्ट्रैक्ट मिलने की उम्मीद है। 4 लाख करोड़ रुपए के इन कॉन्ट्रैक्ट्स में से करीब एक लाख 30 हजार करोड़ रुपए के उपकरण सेना और एयरफोर्स को जबकि करीब एक लाख 40 हजार करोड़ के इक्विपमेंट्स नेवी को मिलेंगे। आयात पर प्रतिबंध को चार साल (2020-2024) में लागू करने की योजना है।



इस सम्बंद में फेरडेरशन ऑफ़ नोएडा इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष तरुण भारद्वाज ने देश के प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर व् ट्विटर पर कहा था कि देश की आयुध फ़ैक्टरिओ को समृद्ध बनाने के लिए हथियारिओ का आयात न करके उन्हें देश में ही बनाया जाये जिससे न तो देश की अर्थव्यवस्था पर बोझ पड़ेगा और देश की आयुध फॅक्टरीआ भी मकबूत हो सकेंगी। फेरडेरशन ऑफ़ नोएडा इंडस्ट्रीज ने सरकार द्वारा लिए गए इस फैसले का स्वागत किया है और कहा कि सरकार के इस फैसले के भविष्य में अच्छे नतीजे आएंगे। 



 


सोमवार, 3 अगस्त 2020

मैक्सिको: एक दिन में 9500 से ज्यादा मौतें

मैक्सिको में शनिवार को 9556 मौतें हुईं। यहां एक दिन में हुई सबसे ज्यादा मौतें हैं। इससे पहले शुक्रवार को यहां 8458 लोगों की जान गई थी। देश में अब तक 4 लाख 34 हजार 193 लोग संक्रमित मिले हैं। इसने मौतों के मामले में ब्रिटेन को भी पीछे छोड़ दिया है।


नेपाल: संक्रमितों की संख्या 20 हजार से ज्यादा

नेपाल में बीते 24 घंटे में संक्रमण के 315 नए मामले आने के साथ संक्रमितों की संख्या बढ़कर 20 हजार के पार हो गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इस हफ्ते की शुरुआत से ही देश में नए मामलों में तेजी देखी जा रही है। मंत्रालय के प्रवक्ता जागेश्वर गौतम ने कहा कि लोग न तो सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का पालन कर रहे और न ही मास्क लगा रहे। इसी से नए मामले बढ़े।


इटली: 2 लाख से ज्यादा लोग ठीक हुए

इटली के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, देश में शनिवार तक ठीक हुए मरीजों की संख्या 2 लाख 229 हो चुकी है। फिलहाल देश में 12 हजार 500 मामले हैं, जिनमें 705 अस्पताल में भर्ती हैं। केवल 43 मरीज आईसीयू में हैं। यहां अब तक 35 हजार 146 मौतें हुई हैं। इटली में जुलाई में हर रोज कोरोना के 200 से 300 नए मामले आ रहे हैं। यहां 31 जनवरी को हेल्थ इमरजेंसी का ऐलान किया गया था।


अमेरिका: कैलिफोर्निया में 5 लाख से ज्यादा मामले

अमेरिका का कैलिफोर्निया संक्रमण के 5 लाख से ज्यादा मामलों वाला देश का पहला राज्य बन गया है। कैलिफोर्निया के पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट ने शनिवार को बताया कि राज्य में कोरोना के 6542 नए मामले सामने आए हैं। इसी के साथ संक्रमितों की संख्या बढ़कर 5 लाख 130 हो गई है। यहां अब तक 9224 मौतें हुई हैं। यहां बीते 24 घंटे में 75 हजार 546 सैंपल टेस्ट किए गए। अब तक राज्य में 78 लाख 86 हजार 587 लोगों का टेस्ट हुआ है।


कुवैत ने 31 देशों से इंटरनेशनल फ्लाइट्स पर रोक लगाई

कुवैत ने शनिवार को 31 देशों से आने वाली इंटरनेशनल फ्लाइट्स पर रोक लगा दी। इनमें ईरान, चीन, लेबनॉन, स्पेन, सिंगापुर, मिस्र और श्रीलंका जैसे देश शामिल हैं। इस बीच, कुवैत एयरपोर्ट ने यात्रा पाबंदियों में राहत दी थी। इसके बाद कुछ फ्लाइट्स को मंजूरी दी गई थी।


ईरान: संक्रमितों का आंकड़ा 3 लाख से ज्यादा

ईरान में रविवार को संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3 लाख 9 हजार हो गई है। खाड़ी देशों में ईरान सबसे अधिक प्रभावित है। यहां बीते 24 घंटे में 2685 नए मामले सामने आए। ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय की प्रवक्ता सीमा सदत लारी ने बताया कि बीते 24 घंटों 208 मौतें हुई हैं, जिससे मौतों का आंकड़ा बढ़कर 17 हजार 190 हो गया है। अब तक 2 लाख 68 हजार 102 मरीज ठीक हुए हैं।


चीन: संक्रमण के 43 नए मामले

चीन में सोमवार को 43 नए मामले सामने आए। नेशनल हेल्थ कमीशन की डेली रिपोर्ट के मुताबिक 36 में से 28 नए मामले झिंजियांग राज्य में मिले हैं। आठ मामले लिओसा राज्य से सामने आए हैं। शंघाई में तीन नए संक्रमित मिले हैं। बीते 24 घंटे में एक भी मौत नहीं हुई है। बीते हफ्ते से उइगर मुसलिम बहुल इलाके शिनजिंयाग में हर दिन 20 से ज्यादा मामले सामने आए हैं।


पोलैंड: नियमों के पालन की जांच होगी

पोलैंड की दुकानों में नियमों का पालन करने वालों की जांच की जाएगी। स्वास्थ मंत्री लुकास सुमोवस्क ने कहा कि अधिकारी दुकानों में जाकर यह देखेंगे कि लोग अपना मुंह और नाक ढंक रहे है या नहीं। कई यूरोपियन देशों की तरह पोलैंड में भी पिछले महीने पाबंदियों में राहत दी गई थी। अब यहां दोबारा संक्रमण बढ़ रहा है। फिलहाल देश में संक्रमितों की संख्या 47 हजार 469 है और 1732 मौतें हुई हैं।


कोसोवा: प्रधानमंत्री अब्दुल्ला संक्रमित

कोसोवो के प्रधानमंत्री अब्दुल्ला संक्रमित पाए गए हैं। उन्होंने रविवार को अपने फेसबुक पेज पर लिखा, ‘‘हल्की खांसी के अलावा मेरे अंदर कोई लक्षण नजर नहीं आए। मैं दो हफ्ते क्वारैंटाइन में रहूंगा। घर से ही अपना काम करूंगा।’’ कोसोवो में संक्रमण के कुल 8,700 संक्रमित मिले हैं, 249 मौतें हुई।


ऑस्ट्रेलिया: मेलबर्न में 6 हफ्ते तक रात में कर्फ्यू

ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न में कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए 6 हफ्ते तक रात का कर्फ्यू लगाया गया है। विक्टोरिया के प्रीमियर डेनियल एंड्रयू ने रविवार शाम इसका ऐलान किया। उन्होंने लोगों से 5 किमी के दायरे में ही रहने की अपील की। यहां पर गैर जरूरी सामान की दुकानों को भी अगले 6 हफ्ते तक बंद रखने का आदेश दिया गया है।


कंगना की टीम ने लिखा- सीएमओ महाराष्ट्र पर लानत है

कंगना की टीम ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री कार्यालय को लिखा है, "इस आदमी (विनय तिवारी) को आईपीएस मेस में जाने की अनुमति नहीं दी गई और जबरदस्ती क्वारैंटाइन कर दिया गया। क्योंकि मुंबई में पप्पू राज चल रहा है। सिर्फ नेपो माफिया ही लोगों के साथ ऐसा व्यवहार कर सकते हैं। सीएमओ महाराष्ट्र पर लानत है।"


पटना एसपी को जबरन क्वारैंटाइन करने पर भड़कीं कंगना रनोट

सुशांत सिंह राजपूत सुसाइड मामले की जांच करने मुंबई आए पटना एसपी विनय तिवारी को बीएमसी ने गोरेगांव स्थित एक गेस्ट हाउस में क्वारैंटाइन कर दिया है। इस पर अभिनेत्री कंगना रनोट ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने पूछा है कि यह क्या गुंडा राज है? साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री कार्यालय से मामले में दखल देने की अपील की है।


जांच के लिए मुंबई गए पटना के आईपीएस अफसर को क्वारैंटाइन किया

सुशांत सिंह राजपूत सुसाइड केस की जांच में अब महाराष्ट्र और बिहार पुलिस आमने-सामने आ गई हैं। जांच के लिए रविवार को मुंबई पहुंचे पटना के एसपी विनय तिवारी को बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने क्वारैंटाइन कर दिया। उनके हाथ पर क्वारैंटाइन की मुहर लगाते हुए उन्हें अगले आदेश तक एक घर में रहने को कहा गया है। मतलब साफ है कि वे अब जांच के लिए किसी से मिल नहीं सकेंगे। तिवारी को क्वारैंटाइन किए जाने को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि यह अच्छा नहीं हुआ। बिहार पुलिस सिर्फ अपना काम कर रही है। इसे राजनीति से नहीं जोड़ा जाना चाहिए।


बिहार पुलिस का आरोप- जबरदस्ती क्वारैंटाइन किया
बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय ने ट्वीट किया, ‘आईपीएस अधिकारी विनय तिवारी पुलिस टीम का नेतृत्व करने के लिए ऑफिशियल ड्यूटी पर पटना से मुंबई पहुंचे, लेकिन उन्हें रात 11 बजे बीएमसी के अधिकारियों ने जबरन क्वारैंटाइन कर दिया। अनुरोध के बावजूद उनकी आईपीएस मेस में रहने की व्यवस्था नहीं की गई। अब उन्हें गोरेगांव के एक गेस्ट हाउस में रखा गया है। इस पर महाराष्ट्र के डीजीपी से बात करूंगा।’


रक्षाबंधन पर विशेष: रक्षाबंधन का असली मतलब तो लोग भूलते जा रहे हैं

भारत की सनातन परंपरा पर्व प्रधान है। ये पर्व सृष्टि के क्रमिक विकास के वार्षिक पड़ाव हैं। प्रति वर्ष आकर ये जीवन के विकासक्रम को संस्कारित करते हैं और आगे अपने धर्म के निर्वहन की प्रेरणा भी देते हैं


व्रतेन दीक्षामाप्नोति दीक्षयाप्नोति दक्षिणाम्।


दक्षिणा श्रद्धामाप्नोति श्रद्धया सत्यमाप्यते॥


यजुर्वेद (19.30) में कहा गया है-व्रत से दीक्षा मिलती है, दीक्षा के समय दक्षिणा दी जाती है। दक्षिणा से श्रद्धा बढ़ती है, श्रद्धा से सत्य रूप परमेश्वर की प्राप्ति होती है। व्रत वह शक्ति है, जिसके द्वारा मनुष्य की सोई हुई शक्तियां जागृत होती हैं। असंभव कार्यों को संभव होते देखकर उसकी निष्ठा बढ़ती है। ज्यों-ज्यों उसकी निष्ठा की वृद्धि होती जाती है, त्यों-त्यों वह त्याग की भूमिका में पदार्पण करता है।


त्याग द्वारा शक्तियों का विकास होकर उसकी श्रद्धा में वृद्धि होती है। श्रद्धा की दृढ़ता से सत्य का मार्ग खुल जाता है। इसलिये हमारे धर्म में व्रतों, त्योहार और पर्वों को एक महत्त्वपूर्ण स्थान प्राप्त है। श्रावणी वेद का त्योहार है। प्राचीन काल में ऋषि-मुनि इस दिन से वेद पारायण आरम्भ करते थे, जिसको ‘उपाकर्म’ कहा जाता था। वैसे तो वेद का पाठ करना द्विज मात्र का नित्य का कर्त्तव्य है, परन्तु वर्षा ऋतु में उसके लिये विशेष रूप से प्रबन्ध किया जाता था। इन धार्मिक आयोजनों को आरंभ करने का समय श्रावण मास की पूर्णिमा तिथि को चुना गया। यही परंपरा आज भी चली आ रही है। उस समय लोग वेद पाठ के संकल्प किया करते थे, वेद मंत्रों को कंठाग्र करने की प्रतिज्ञा लेते थे। इन प्रतिज्ञाओं, संकल्पों और पारायण करने के आधार पर ही द्विवेदी, त्रिवेदी, चतुर्वेदी नाम पड़ा ।


आज दुर्भाग्यवश हम इस परंपरा को लोग भूलते जा रहे हैं, इसलिए वेद जैसे बृहद ज्ञान के भंडार से हम वंचित हो रहे हैं। वेद प्रचार का संकल्प इसी अवसर पर लिया जाता है।


रक्षाबंधन का त्योहार भी इसी दिन मनाया जाता है। यह रक्षासूत्र है। इनको ब्राह्मण वेद मन्त्रों से अभिमंत्रित करते थे। तप और त्याग की शक्ति का मिलन वेद मंत्रों की शक्ति के साथ होने से सोने पर सुहागे का काम करता है। उस समय ब्राह्मण राष्ट्र के नेता होते थे, जनता को सन्मार्ग पर लगाना उनका कर्त्तव्य था। आसुरी विचारों से रक्षा करने की जिम्मेदारी उन्हीं की थी।


इस दिन वह भी अपने पुराने संकल्प को स्मरण करते हैं कि द्विजातियों को ऊंचा उठाने के लिये उन्हें क्या करना है? यदि एक वर्ष में उनके कार्य में कोई शिथिलता आ गई हो तो पुनः जागरुकता आ जाती थी, परन्तु खेद का विषय है कि आज कल हमने इस पवित्र त्योहार को केवल अपने धनोपार्जन का साधन बना दिया है और अपने यजमान को सूत्र बांधकर एक-दो उल्टे-सीधे मंत्र पढ़कर पैसा ऐंठने का प्रयत्न करते हैं।


जिस देश के पथ-प्रदर्शक अपने कर्त्तव्य को भूल जाते हैं, उनका पतन की ओर जाना अवश्यम्भावी है, चूंकि ब्राह्मणों का काम धार्मिक ग्रंथों का अध्ययन और उनका उपदेश करना होता था और वह स्वतंत्र रूप से जीवन निर्वाह के लिए कोई कारोबार  नहीं करते थे, इसलिए शिष्यगण उनकी आवश्यकता की पूर्ति के लिए धन, वस्त्र आदि के रूप में दक्षिणा दिया करते थे, जो आज तक प्रचलित है। व्रत धारण करते समय शिष्य गुरु को अपनी  श्रद्धा के अनुसार भेंट करते थे। आज दोनों ओर से शिथिलता आ गई है। इस शिथिलता का दृढ़ता में परिवर्तन करने के लिये ही यह त्योहार मनाया जाता है।


advt


शनिवार, 25 जुलाई 2020

शिवराज मंत्री भदौरिया के साथ राज्यपाल के अंतिम संस्कार में गए थे

शिवराज सिंह मंत्री अरविंद भदौरिया के साथ स्टेट प्लेन से राज्यपाल लाल जी टंडन के अंतिम संस्कार में शामिल होने लखनऊ गए थे। उनके साथ प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीडी शर्मा, प्रदेश संगठन मंत्री सुहास भगत और अन्य लोग भी गए थे। भदौरिया का चिरायु अस्पताल में इलाज चल रहा है। वहीं, अब मुख्यमंत्री के संपर्क में आने वालों की लिस्ट तैयार की जा रही है। इनका भी टेस्ट कराया जाएगा।


कोरोना से घबराने की जरूरत नहीं: शिवराज

शिवराज ने कहा कि कोरोना से घबराने की जरूरत नहीं है। कोरोना का समय पर इलाज होता है तो यह बिल्कुल ठीक हो जाता है। मैं 25 मार्च से हर शाम कोरोना की समीक्षा बैठक करता रहा हूं। मैं अब वीडियो कांफ्रेंसिंग से कोरोना की समीक्षा करने का प्रयास करूंगा।


शिवराज सिंह चौहान की रिपोर्ट पॉजिटिव आई

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उन्होंने उनके संपर्क में आने वालों से कोरोना टेस्ट कराने और करीबियों से क्वारैंटाइन होने की अपील की है। वे कोरोना से संक्रमित होने वाले देश के पहले मुख्यमंत्री हैं। तीन दिन पहले उनके साथ लखनऊ जाने वाले कैबिनेट मंत्री अरविंद भदौरिया की रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। शुक्रवार को भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा और उनकी पत्नी की रिपोर्ट निगेटिव आई थी।


ADVT


ADVT


मंगलवार, 21 जुलाई 2020

हिंदुओं की सबसे बड़ी कमजोरी क्या है?

भारत मे तुर्की और मुग़लो का अधिकार होने का एक ही कारण है! वह है कंधार में तुर्की और बाद में मुग़लो का अधिकार हो जाना! कितुं जब जब कंधार हिंदुओं के हाथ से फिसल रहा था! तब भारत के हिन्दू क्या कर रहे थे? वो सोच रहे थे! कि हमे क्या फर्क पड़ता है! हम तो सुरक्षित है कंधार तो हमसे बहुत दूर है! होने दो वहां जो हो रहा है! ठीक इसी तरह आज जब केरल में हिंदू सबरीमाला की परंपरा बचाने के लिए लड़ रहे है! तब भारत के अन्य राज्यों में किसी को कोई फर्क नही पड़ रहा है!   सेकुलरिज्म को लेकर पागलपन-  हिन्दू धर्म ने कभी किसी पर धर्म के कारण अत्याचार नही किया! हमने पारसियों को शरण दी जब उन पर ईरान के अत्याचार हुआ , हमने जीयूस लोगो को शरण दी!



सिंध के हिन्दू राजा दाहिर ने हजरत पैगम्बर जी के परिवार को शरण दी! जब अरब में ख़िलाफ़त के कारण उनके परिवार असुरक्षित हो गया था! बाद में अरब के खलीफा ने राजा दाहिर की हत्या कर दी! और राजपरिवार की महिलाओं के साथ अत्याचार किया!   हमने तो कभी किसी पर अत्याचार किया ही नही फिर हमें सेकुलरिज्म की क्या जरूरत? हा हम पर जो अत्याचार हुआ है! उसको हमे नही भूलना चाहिए! क्योंकि अगर हम भूल गए अतीत को तो फिर भविष्य में खून के आशू रोने होंगे!  केरल में वहां की सरकार ने एक कानून पास किया है जो अविश्वसनीय और आश्चर्यजनक है। इस कानून की असलियत और इसके प्रभाव को समझने में भी विश्वास करना कठिन लगता है।


उदाहरण के लिए यदि कहा जाये कि सरकार किसी जामा मस्जिद को अपने सरकारी नियंत्रण में लेकर एक कानून पास कर दे कि कोई गैर मुसलमान जैसे कि कोई पंडित हरी प्रसाद उस मस्जिद के इमाम या प्रबंधक के नाते नियुक्त किये जा सकते हैं तो कैसा लगेगा? सब लोग निर्विवाद रूप से कहेंगे कि ऐसा हो नहीं सकता। ऐसा संभव नहीं। सुझाव देकर देखिये। बम फट जायेंगे, गर्दन कट जायेगी और सेकुलर मीडिया शब्द हिंसा से आपका कीमा बना देगी। कोई बचाने भी नहीं आयेगा। आपके अपने संगी साथी भी आपको पहचानने से इंकार कर देंगे।  ऐसा कोई सुझाव आप ईसाइयों या मुसलमानों के आस्था स्थलों के बारे में नहीं दे सकते। लेकिन हिंदुओं के देव स्थानों के बारे में न केवल ऐसा सुझाव दिया गया बल्कि केरल गजट में प्रकाशित कर असाधारण कानून भी प्रकाशित कर दिया गया कि त्रावणकोर कोचीन हिंदू धार्मिक संस्थान (संशोधन) अधिनियम 2018 के अनुसार इस अधिनियम धारा 29 में यह संशोधन कर लिया गया है कि केरल के मंदिरों की देखभाल के लिए नियुक्त होने वाले आयुक्त का हिन्दू होना आवश्यक नहीं है।


पहले से ही हिन्दू मंदिरों की देखभाल और प्रबंधन के लिए गैर हिन्दुओं की नियुक्ति ही नहीं की जाने के प्रयास हुये बल्कि श्री बालाजी तिरूपति मंदिर के प्रबंधन बोर्ड में दो ईसाई नियुक्त भी किये गये जिस पर आपत्ति करने पर मंदिर के मुख्य हिन्दु पुजारी का अपमानजनक ढंग से हटा दिया गया। देश में कुछ नहीं हुआ?  अब त्रावणकोर कोचीन हिंदू रिलीजिययस संस्थान संशोधन अधिनियम सारे देश के हिन्दुओं के मुंह पर एक जोरदार तमाचा है लेकिन हमारे महान हिन्दू महापुरुष और नेता सूचियां बनाने, नाम काटने, काली सूचियां बनाने और अपने भीतरी दायरों में जिन-जिन से उनके विद्वेष, वैमनस्य, नाराजगी, नापसंदगी थी उनको सत्ता के स्पर्श वाले अपने बूटों तले कुचलने में व्यस्त हैं।


हिन्दू जीवन को प्रस्तुत हो रही नित्य नवीन चुनौतियों के संबंध में जलसे और ट्वीट हो रहे हैं। कहीं भी हिन्दू कर्णधार इस विषय में चिंता करते नहीं दिखते कि अपनी मानसिकता और जीवन पद्धति बदलना जरूरी है।  अब यह देखिये केरल सरकार का हिन्दू धार्मिक मंदिरों की देखभाल के लिए अहिन्दुओं की नियुक्ति को वैधानिक ठहराने वाला काला कानून राज्यपाल के आदेश से 6 जुलाई, 2018 को अधिसूचित हुआ तथा सार्वजनिक रूप से प्रकाशित किया गया। सवाल यह है कि हिन्दुओं को ही सेकुलर संविधान की सेकुलर संस्थाएं अपने सेकुलर सुधारों के तमाशे के लिए प्रयोगशाला क्यों बना रही हैं? हिन्दुओं में धार्मिक पाखंड तथा जातिवाद का जहर इतना बढ़ता गया है कि एक हिन्दू के नाते, एक हिन्दू समाज के नाते अन्य क्षेत्र के हिन्दुओं की वेदना बाकी भी महसूस करें ऐसा अब स्वाभाविक रूप से होता नहीं है। आपसी विद्वेष और कलह में हमने बड़े-बड़े युद्ध हारे हैं। केरल सरकार द्वारा हिन्दू धार्मिक संस्थाओं पर अहिन्दुओं को लादने का काला कानून हिन्दुओं की अपनी जड़ता और जातिवादी वैमनस्य के कारण संगठित न हो पाने का परिणाम है।


एक ही विश्व सत्ता एक ही सरकार कोरी कल्पना या सच्चाई?

एक सरकार एक ही धर्म एक ही विश्व सत्ता को स्वीकारिये या फिर संसार से विदा लीजिये
जब भारत में लोकतंत्र की बुनियाद रखी जा रही थी ! तब लोग यह मानने को तैयार नहीं थे कि भारत के अंदर राजसत्ता का कोई विकल्प कभी स्थापित हो पायेगा ! लोगों के दिमाग में यह भ्रम था कि सदियों से चले आ रहे राजे रजवाड़े जिनमें कई अपने को भगवान का वंशज भी बतलाते थे ! उनका ही शासन बना रहेगा ! जो कभी भी समाप्त नहीं हो सकता है !
 लेकिन अट्ठारह सौ सत्तावन की क्रांति के बाद अंग्रेजों ने एक सोची-समझी हुई राणनीति के तहत मात्र 90 साल के अंदर ही भारत के रजवाड़ों सहित संपूर्ण विश्व के रजवाड़े को जड़ से खत्म कर दिया केवल एक ब्रिटेन के रजवाड़े को छोड़कर और लोकतंत्र के नाम पर भारत में एक नई शासन व्यवस्था स्थापित कर दी और भगवान का वंशज देखते रह गये !
 ठीक इसी तरह मात्र अगले 30 वर्ष के अंदर पूरे विश्व में आज जिन-जिन देशों में लोकतंत्र जैसी पैशाची शासन व्यवस्था है ! उन सभी देशों में विश्व सत्ता प्रथम चरण में काबिज हो जायेगी ! इसके बाद जिन देशों में लोकतंत्र नहीं है ! उन्हें अर्थ युद्ध, छद्म युद्ध, तकनीकी युद्ध या स्पष्ट युद्ध के द्वारा खत्म कर दिया जायेगा !
जिसमें हथियारों से अधिक अंतरराष्ट्रीय कानून और जैविक हथियारों का प्रयोग किया जायेगा ! जो देश विश्व सत्ता के अस्तित्व को स्वीकार नहीं करेंगे ! वह देश और संस्कृति इतिहास का अध्याय हो जायेगी ! भारत भी उसी श्रंखला का एक देश है ! विश्व सत्ता की जो पैनी निगाह भारत पर है ! वह निश्चित रूप से आज नहीं तो कल भारत के संपूर्ण अस्तित्व को ही निकल जायेगी और सदियों से चली आ रही भारतीय संस्कृति जिस पर हमें नाज है वह बहुत जल्दी ही अब विलुप्त होकर इतिहास के पन्नों में स्थान ले लेगी !
 यह सब कुछ होने में बहुत समय नहीं लगेगा ! हो सकता है कि हमारे आपके जीवित रहते ही यह सब कुछ हो जाये ! किंतु राजे रजवाड़ों की तरह आज हमें भी यह विश्वास नहीं हो रहा है कि कैसे हमारे देखते-देखते भारत का  सनातन व्यवस्था खत्म हो जायेगा और जिस लोकतंत्र की दुहाई भारत में सैकड़ों राजनैतिक दल दे रहे हैं ! वह सभी नष्ट हो जाएंगे ! भारत का राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री अब हम नहीं चुन सकेंगे बल्कि इन्हें विश्व सत्ता द्वारा नियुक्त किया जायेगा !
भारत की कुल आबादी 130 करोड़ से घटकर मात्र 5 करोड़ रह जायेगी ! विश्व सत्ता की इच्छा के अनुसार जो भी व्यक्ति नहीं चलेगा ! उसे इस पृथ्वी से विदा होना पड़ेगा ! हमारे पूर्वजों के द्वारा मेहनत से बनाई गई संपत्ति बहुत जल्दी ही विश्व सत्ता की होगी !
हमारे हाथों में एक रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटी फिसशन (R.F.I.D) चिप लगी होगी और हमारे मस्तिष्क में एक कृतिम मस्तिष्क आरोपित कर दिया जायेगा ! जो हमें विश्व सत्ता के अनुसार कार्य करने के लिये दिशा निर्देश देगा ! जो व्यक्ति इस दिशा निर्देश का पालन नहीं करेगा ! उसके मस्तिष्क को रेडियेशन द्वारा हैंग आउट कर दिया जायेगा या फिर उस व्यक्ति को ही खत्म कर दिया जायेगा !
 आपकी हर हरकत पर उस विश्व सत्ता की निगाह होगी ! आप क्या खा रहे हैं ! कहां जा रहे हैं ! किससे क्या बात कर रहे हैं ! कहीं आप संगठन तो नहीं बना रहे हैं ! आपके आर्थिक श्रोत क्या हैं ! आपके पास कुल कितने पैसा हैं और कहीं आप गुप्त रूप से अपनी संपत्ति का निर्माण तो नहीं कर रहे हैं ! यह सारी चीजें विश्व सत्ता आधुनिक तकनीक के माध्यम से नियंत्रित करें !
अब पारिवारिक और दांपत्य जीवन जैसी कोई चीज नहीं होगी ! पुरुष पुरुष के साथ और स्त्री स्त्री के साथ समलैंगिक संबंध रख सकेंगे ! कोई भी व्यक्ति किसी भी व्यक्ति की पत्नी के साथ और कोई भी पत्नी किसी भी अन्य पुरुष के साथ शाररिक संबंध बना सकेगी ! लेकिन संतान पैदा करने के लिये विश्व सत्ता की आज्ञा लेना आवश्यक होगा ! अधिकांश स्त्री पुरुष को वैक्सीनेशन द्वारा नपुंसक बना दिया जायेगा और आप विरोध भी नहीं कर सकेंगे !
आपके भोजन की वैरायटी विश्व सत्ता द्वारा नियंत्रित होगी ! आपके भोजन में अधिकांश डिब्बाबंद जंक फूड होगा ! जो आपको उतनी ही ऊर्जा देगा जितनी कि आपके जिन्दा रहने के लिये जरुरी है ! अपने शरीर की आवश्यकता के अनुरूप आपको मल्टीविटामिन, मिनिरल्स, प्रोटीन, डिप्रेशन, डायबिटीज, थायारायड आदि की औषधियां निरंतर लेनी होंगी ! प्राकृतिक रूप से उत्पन्न आयुर्वेदिक या प्राकृतिक चिकित्सा अवैध घोषित कर दी जायेगी !
 आपके पास कोई भी कैश पैसा नहीं होगा ! कैश लैस इकोनॉमी के तहत हर वस्तु आपके शरीर में लगी हुई चिप के माध्यम से आपको प्राप्त होगी ! यदि आपने अपने शरीर में चिप नहीं लगा रखा है तो आप को भोजन, पानी, दवा, शिक्षा, चिकित्सा, रोजगार आदि कुछ भी प्राप्त नहीं होगा ! क्योंकि यह सब कुछ अब उस चिप के द्वारा ही नियंत्रित होगा !
यातायात प्रतिबंधित होना आप एक निश्चित क्षेत्र से बाहर नहीं जा सकेंगे ! आप अपने परिवार के लोगों से नहीं मिल सकेंगे और न ही विश्व में कहीं भ्रमण कर सकेंगे !
आज जो आपका मोबाइल जोन है ! वही कल आपका संसार होगा ! आप अपने मोबाइल जोन के बाहर यदि जाते हैं तो आपको दंडित किया जायेगा ! आपकी स्थिती एक यांत्रिक रोबोट से अधिक कुछ नहीं होगी !
आपका कोई भविष्य नहीं होगा और किसी भी तरह के चिंतन करने का आपको कोई अधिकार नहीं होगा ! न ही आप कोइ समूह बना सकेंगे ! न ही आप कोई मीटिंग, जनसभा आदि कर सकेंगे ! जो भी कुछ करना होगा ! वह सब कुछ ऑनलाइन होगा ! जिस पर विश्व सत्ता की पैनी निगाह होगी ! प्रतिबंधित शब्दों के प्रयोग पर दण्ड की व्यवस्था होगी !
 इसलिये तैयार हो जाइये अपने ही घर में रहकर आगे की जिंदगी जीने के लिये और अपने आने वाली पीढ़ियों की चिंता बिल्कुल मत कीजिये ! क्योंकि अब आपकी आगे कोई पीढ़ी ही नहीं होगी ! यह है विश्व सत्ता का नया स्वरूप ! जो बहुत जल्द लागू होने वाला है ! आपके पास एक ही विकल्प है कि विश्व सत्ता को स्वीकारिये या फिर संसार से विदा लीजिये ! अन्य कोई विकल्प नहीं है !!


आवासीय भूखंड योजना प्राधिकरण ने की लांच

नोएडा प्राधिकरण ने आवासीय भूखंड योजना 2020 (द्वितीय) सोमवार को लांच कर दी है। भूखंडों का आवंटन केवल ई-ऑक्शन के जरिये ही किया जाएगा। इसका बेसिक प्राइज 47 से 67 हजार प्रति वर्ग मीटर निर्धारित किया गया है। योजना में कुल 84 भूखंड को शामिल किया गया है। इसके लिए पांच अगस्त तक आवेदन किया जा सकता है।


योजना के तहत सेक्टर-12, 31, 43, 44, 70, 72, 99, 100, 105 व सेक्टर-122 में आवासीय भूखंड हैं। इन भूखंडों के आवंटन के लिए आवेदन आज से किया जाएगा। कागजी दस्तावेजों के जांच पड़ताल के बाद सही आवेदनकर्ता भूखंडों के लिए बोली लगा सकेंगे।


पुलिस मुठभेड़ में इनामी बदमाश गिरफ्तार

नोएडा की कोतवाली सेक्टर 39 थाना क्षेत्र में पुलिस और एक बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस ने मुठभेड़ के बाद 25 हजार के इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया है। आरोपित रिंकू उर्फ रंजीत मेरठ का रहने वाला है। आरोपित के पास से चोरी की मोटर साइकिल और तमंचा व कारतूस बरामद हुआ है। फिलहाल पुलिस आरोपित से पूछताछ कर रही है। पुलिस ने बताया कि आरोपित के खिलाफ पहले से ही हत्या, अपहरण समेत कई संगीन धाराओं में मामले दर्ज हैं। 


केंद्र ने पहले मध्यप्रदेश सरकार गिराई, अब राजस्थान में कोशिश: राहुल

राजस्थान में सियासी उठापटक के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। राहुल ने तंज कसते हुए कोरोना काल में सरकार की 6 उपलब्धियां बताई हैं। इनमें मध्यप्रदेश में सरकार गिराने और राजस्थान में ऐसी कोशिश करने का जिक्र किया है। दूसरी तरफ केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने राहुल को उनके ही अंदाज में जवाब दिया है। उन्होंने राहुल से कहा कि फरवरी में शाहीन बाग की घटना और दंगे आपकी उपलब्धियां रहीं। 



राहुल ने कोरोना वॉरियर्स का अपमान किया
जावड़ेकर ने कहा कि राहुल बाबा कोरोना के खिलाफ लड़ाई में देश की उपलब्धियों को नोट कीजिए। अमेरिका, यूरोप और ब्राजील के मुकाबले भारत में कोरोना के केसों का एवरेज, एक्टिव केस और डेथ रेट सबसे कम है। दिया जलाने की बात का मजाक उड़ाकर आपने देश की जनता और बहादुर कोरोना वॉरियर्स का अपमान किया है।


लालजी टंडन का 85 साल की उम्र में निधन

मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन (85) का मंगलवार सुबह 5.30 बजे निधन हो गया। टंडन को 11 जून को सांस लेने में तकलीफ और बुखार के चलते लखनऊ के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सोमवार शाम अस्पताल की तरफ से जारी मेडिकल बुलेटिन में उनकी हालत क्रिटिकल बताई गई थी। आज शाम 4.30 बजे उनका लखनऊ में अंतिम संस्कार होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनके निधन पर दुख जताया है। उत्तर प्रदेश सरकार ने 3 दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है।


पिछले 24 घंटे में 36810 केस बढ़े

देश में कोरोना मरीजों की संख्या 11 लाख 54 हजार 917 हो चुकी है। पिछले 24 घंटे में 36 हजार 810 मरीज मिले। इसके पहले रविवार को रिकॉर्ड 40 हजार 243 और 18 जुलाई को 37 हजार 407 मरीज मिले थे। 


भारत में नए कोरोना मरीज मिलने की रोजाना औसत दर 3.6% हो गई है, जो दुनिया में सबसे ज्यादा है। यानी भारत में अब नए मरीज सबसे तेज रफ्तार से बढ़ने लगे हैं। सबसे ज्यादा 39 लाख मरीजों वाले अमेरिका में यह दर भारत से आधी 1.8% बनी हुई है। इसी के साथ भारत में अब मरीज दोगुने होने में सिर्फ 19 दिन लग रहे हैं। एक महीने पहले तक 25 दिन लग रहे थे। अभी देश में 11 लाख से ज्यादा मरीज हैं। 


बुधवार, 15 जुलाई 2020

राजस्थान :बागी विधायकों की विधानसभा सदस्यता पर लटकी तलवार

बगावत पर उतरे सचिन पायलट को प्रदेशाध्यक्ष व उप मुख्यमंत्री के पद से हटाने के साथ कांग्रेस ने अब बागियों से दबाव बढ़ाना शुरू कर दिया है। ताकि दबाव में कुछ विधायक वापस गहलोत खेमे में लौट सके। बागियों की विधानसभा सदस्यता पर तलवार लटक रही है। इसी रणनीति क तहत गुड़ामालानी से विधायक व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हेमाराम चौधरी के बाड़मेर स्थित मकान के बाहर विधानसभा सचिवालय की तरफ से नोटिस चस्पा किए गए है। उनसे तीन दिन में जवाब पेश करने को कहा गया है। वहीं हेमाराम बार-बार अपने समर्थकों से कह रहे है कि वे किसी सूरत में भाजपा की सदस्यता ग्रहण नहीं करेंगे। उनका कहना है कि वे अपने हक के लिए संघर्ष कर रहे है। 
 छठी बार विधायक बने हेमाराम चौधरी मंत्री पद नहीं मिलने के कारण मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से नाराज चल रहे थे। वे अपनी नाराजगी कई बार सार्वजनिक रूप से प्रकट कर चुके है। सहज-सरल स्वभाव के धनी हेमाराम को सरहदी बाड़मेर में मजबूत जनाधार वाला नेता माना जाता है। 
हेमाराम के नेहरू नगर स्थित मकान के बाहर चस्पा नोटिस में विधान सभा सचिवालय के सचिव अनिल कुमार माथुर की तरफ से कहा गया है कि विधानसभा में कांग्रेस के मुख्य सचेतक महेश जोशी ने उनके खिलाफ एक याचिका दायर की है। इस याचिका में कहा गया है कि दल परिवर्तन के आधार पर निरर्हता नियम लागू किया जाए। यानि हेमाराम की विधानसभा से सदस्यता समाप्त की जाए। इस नोटिस के साथ ही जोशी की तरफ से पेश याचिका की प्रतिलिपि भी चस्पा की गई है। हेमाराम से कहा गया है कि वे 17 जुलाई को दोपहर एक बजे तक विधानसभा अध्यक्ष के पास लिखित में अपनी जवाब प्रस्तुत करे। यदि तय समय तक इस नोटिस का जवाब पेश नहीं किया गया तो याचिका का निस्तारण कर दिया जाएगा। 


राजस्थान :कांग्रेस कमेटी की प्रदेश कार्यकारिणी भंग

राजस्थान कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष से सचिन पायलट को बर्खास्त किए जाने के बाद अब कार्यकारिणी में भी जल्द बदलाव किए जाएंगे। इसको लेकर कांग्रेस कमेटी के महासचिव औऱ राजस्थान प्रभारी अविनाश पांडे ने प्रदेश कार्यकारिणी, समस्त विभागों, प्रकोष्ठ को भंग कर दिया है।


सोमवार, 13 जुलाई 2020

गौतमबुद्ध नगर: धारा-144 का उल्लंघन करने के मामले में पांच गिरफ्तार

नोएडा। कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए गौतमबुद्ध नगर में लागू धारा-144 व लॉकडाउन का उल्लंघन करने के आरोप में पुलिस ने रविवार को तीन मामले दर्ज कर पांच लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस आयुक्त आलोक सिंह के मीडिया प्रभारी पंकज कुमार ने बताया कि रविवार को गौतमबुद्ध नगर पुलिस ने धारा-144 व लॉकडाउन का अनुपालन कराने के लिए सघन तलाशी ली। उन्होंने बताया कि 1,327 वाहनों की पुलिस ने जांच की जिनमें से 576 वाहनों का चालान काटा गया, जबकि एक वाहन को जब्त किया गया है।कुमार ने बताया कि 58,200 रूपये पुलिस ने शमन शुल्क के रूप में वसूला। उन्होंने बताया कि पुलिस ने तीन मामला दर्ज कर पांच व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। 


अब पांचों दिन खुलेगा बाजार, ऑड- इवन बंद

कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए मुख्यमंत्री के निर्देश पर अब पांच दिन बाजारों को खोलने और सप्ताह में दो दिन लॉकडाउन करने का फैसला लिया गया है। लॉकडाउन के दौरान अधिक भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में साफ-सफाई व सैनिटाइजेशन का काम किया जाएगा। हालांकि इस आदेश से पहले जिले में कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए शहर और ग्रामीण क्षेत्र के बाजारों को खोलने के लिए जिलाधिकारी ने ऑड-ईवन की व्यवस्था लागू कर रखी थी, जिससे बाजार में आधी दुकानें एक दिन और आधी दुकानें दूसरे दिन खोली जा रही थीं। इसके अलावा प्रतिदिन एक बाजार में साप्ताहिक बंदी का भी निर्धारण किया गया था, लेकिन मुख्यमंत्री के सप्ताह में दो दिन लॉकडाउन के फैसले के बाद यह व्यवस्था पूरी तरह समाप्त हो गई है। 


11 केवी लाइन की 2.29 किमी लाइन चोरी हो गई

नोएडा : सेक्टर-132 में बिजली निगम की 11 केवी लाइन की 2.29 किमी लाइन चोरी हो गई। बिजली निगम को इसकी जानकारी तब हुई, जब सेक्टर-108 बिजलीघर से एक फीडर की लाइन जोड़ने के लिए पेट्रोलिंग की गई। लाइनमैन ने इसकी सूचना अधिकारियों को दी, जिसके बाद जेई ने चोरी की एफआइआर दर्ज कराई। पुलिस को दी शिकायत में बताया गया है कि लॉकडाउन के दौरान सेक्टर-108 (पुराना) बिजलीघर से सेक्टर-132 स्थित एक स्वतंत्र फीडर को बिजली आपूर्ति शुरू की गई थी। कुछ दिनों बाद लाइन को बंद कर दिया गया था। पिछले दिनों इसे फिर से चालू करने के लिए लाइनमैन द्वारा लाइन की पेट्रोलिंग कराई गई। पेट्रोलिग के दौरान फीडर से जुड़ी लाइन के 17 खंभों के बीच 11 केवी लाइन की 2295 मीटर तार चोरी हो गए।


हमारे पास 109 विधायकों के समर्थन पत्र: अविनाश पांडे

राजस्थान में सियासी उठापटक के बीच मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के आवास पर विधायक दल की बैठक होनी है। इसमें हिस्सा लेने के लिए करीब 100 एमएलए पहुंच चुके हैं। रविवार देर रात पार्टी ने व्हिप जारी किया था। इसके मुताबिक, यदि कोई विधायक बिना किसी विशेष कारण के गैरहाजिर रहेगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


इससे पहले रविवार शाम डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने दावा किया था कि 30 कांग्रेस विधायक उनके समर्थन में हैं और राज्य की गहलोत सरकार अल्पमत में है। इसके साथ पायलट ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मनमुटाव को भी स्पष्ट कर दिया। कहा कि वे विधायक दल की बैठक में शामिल नहीं होंगे। हालांकि, राजस्थान कांग्रेस के इंचार्ज अविनाश पांडे ने दावा किया कि हमारे पास 109 विधायकों के समर्थन पत्र हैं। गहलोत सरकार बहुमत में है।


दुनिया में 2 लाख 30 हजार से ज्यादा मामले: डब्ल्यूएचओ

वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन (डब्ल्यूएचओ) ने रविवार को रिकॉर्ड 2 लाख 30 हजार 370 नए मामले दर्ज किए। सबसे ज्यादा मामले अमेरिका, ब्राजील, भारत और साउथ अफ्रीका में सामने आए। इस दौरान 5000 से ज्यादा लोगों की जान भी गई। इससे पहले 10 जुलाई को रिकॉर्ड 2 लाख 28 हजार 102 मामले सामने आए थे।


मैक्सिको: मौतों का आंकड़ा इटली से ज्यादा

मैक्सिको में मौतों का आंकड़ा रविवार को इटली से ज्यादा हो गया है। अब तक यहां 35 हजार 6 मौतें हुई हैं और 2 लाख 95 हजार 268 पॉजिटिव केस आए हैं। यहां कुछ हफ्ते पहले ही लॉकडाउन से जुड़ी पाबंदियों में राहत दी गई थी। इसके बाद बाद से मामले बढ़ने लगे हैं। हालांकि राष्ट्रपति एंड्रेस मैन्युएल लोपेज ने रविवार को कहा कि देश में महामारी कमजोर पड़ रहा है। मीडिया इसे बेवजह तूल दे रही है। 


कोलंबिया: राजधानी बोगोटा की सीमा सील

कोलंबिया में रविवार को 5 हजार 83 मामले सामने आए। देश के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, यहां संक्रमितों का आंकड़ा 1 लाख 50 हजार के पार हो गया है। अब तक 5 हजार 307 लोगों की जान गई है। खतरे को देखते हुए सरकार ने राजधानी बोगोटा की सीमा सील करने का फैसला किया है। बोगोटा से 49 हजार 644 मामले सामने आए हैं। इससे पहले सरकार ने 1 अगस्त से देश भर में लॉकडाउन बढ़ा दिया था। 


दक्षिण अफ्रीका: शराब बिक्री पर रोक

दक्षिण अफ्रीका में रविवार से रात का कर्फ्यू लगा दिया गया है। शराब की बिक्री भी रोक दी गई। राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने इसके बाद कहा कि देश में संक्रमण बढ़ता जा रहा है। ऐसे में जरूरी है कि हम अपने अस्पतालों और क्लीनिक्स पर शराब पीने के बाद घायल होने वाले मरीजों का बोझ न बढ़ाएं।


दुनिया में 1.30 करोड़ केस

दुनिया में कोरोनावायरस से अब तक 1 करोड़ 30 लाख 35 हजार 942 लोग संक्रमित हो चुके हैं। 75 लाख 82 हजार 35 लोग ठीक हो चुके हैं। वहीं, 5 लाख 71 हजार 571 की मौत हो चुकी है।अमेरिका के न्यूयॉर्क में ‘कोविड पार्टी’ में शामिल होने वाले 30 साल के व्यक्ति की मौत हो गई। यह पार्टी एक संक्रमित व्यक्ति की ओर से दी गई थी। अस्पताल के मेडिकल ऑफिसर के मुताबिक, इस व्यक्ति ने कोरोना को अफवाह समझ लिया। उन्होंने कहा कि यह गलत है कि कोई संक्रमित पाया जाए और उसके बाद वह पार्टी करे और उसमें दोस्तों को बुलाए।


मैडागास्कर में संक्रमण की वजह से दो सांसदों की मौत हो गई है और 14 सांसद संक्रमित मिले हैं। राष्ट्रपति एंड्री रैजोइलिना ने बताया कि इसके अलावा 25 दूसरे सांसदों की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। यहां की राजधानी एंटानानारिवो में दो महीने लॉकडाउन हटाया गया था। हालांकि, मामले बढ़ने के बाद 5 जुलाई को इसे दोबारा लॉकडाउन कर दिया गया है। 


बिहार में पहली बार एक दिन में 1266 कोरोना पॉजिटिव मिले

राज्य में पहली बार एक दिन में 1266 कोरोना पॉजिटिव मिले। इनमें उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी के सरकारी आवास के गार्ड समेत 3 कर्मचारी और पटना हाईकोर्ट के 19 सुरक्षाकर्मी भी शामिल हैं। 7 संक्रमित की मौत हो गई। 962 लोग ठीक हुए। अब तक कुल 11 हजार 953 लोग इस बीमारी को मात दे चुके हैं। अभी 4226 एक्टिव केस हैं। 


उत्तरप्रदेश में बीते 24 घंटे में 1388 नए मरीज मिले

राज्य में बीते 24 घंटे में 1388 नए मरीज मिले। यह एक दिन में मिले मरीजों की दूसरी सबसे बड़ी संख्या है। इससे पहले सबसे ज्यादा 1403 मरीज शनिवार को मिले थे। इस महीने सिर्फ 12 दिनों में ही 13172 नए रोगी मिल चुके हैं। राज्य में अब तक कुल 23334 संक्रमित ठीक हो चुके हैं।


महाराष्ट्र: पिछले 24 घंटे में कोरोना के 7827 नए मामले सामने आए

पिछले 24 घंटे में कोरोना के 7827 नए मामले सामने आए और 173 मौतें हुईं हैं। मुंबई में कोरोना के 1263 मामले सामने आए, 1,441 ठीक हुए और 44 मौतें हुईं। यहां राजभवन के 18 कर्मचारी पॉजिटिव मिले हैं। उधर, राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने खुद को आइसोलेट कर लिया है। 


मध्यप्रदेश: 24 घंटे में 431 कोरोना पॉजिटिव पाए गए

राज्य में 24 घंटे में 431 कोरोना पॉजिटिव पाए गए। यहां संक्रमितों की संख्या 17,632 हो गई है। भोपाल में रविवार को 95 मरीज मिले। शहर में बढ़ते केसों को देखते हुए फिर से टोटल लॉकडाउन की तैयारी की जा रही है। इसे लेकर प्रशासन की एक-दो दिन में बैठक हो सकती है। 


देश में कुल 8.78 लाख केस

देश में कोरोनावासरस संक्रमण की तेज रफ्तार फिर एक बार चिंता बढ़ा रही है। कुल केसों की संख्या 8 लाख 78 हजार 800 हो गई है। आज यह 9 लाख के पार जा सकती है। हालांकि, राहत की बात ये है कि 5.5 लाख से ज्यादा मरीज ठीक हो चुके हैं। कुल 3 लाख 1 हजार से ज्यादा का अस्पताल, होम आइसोलेशन या कोविड केयर सेंटर में इलाज चल रहा है। ये आंकड़े covid19india.org के मुताबिक हैं।


देश में बीते 24 घंटे में सबसे ज्यादा 29 हजार 105 कोरोना पॉजिटिव पाए गए। 18 हजार 139 मरीज ठीक हुए। 500 संक्रमितों ने जान गंवाई। रविवार को सबसे ज्यादा 7827 पॉजिटिव केस महाराष्ट्र में बढ़े। 4244 केस के साथ दूसरे नंबर पर मौजूद तमिलनाडु में सबसे ज्यादा 3617 मरीज ठीक हुए। 


advt


शुक्रवार, 10 जुलाई 2020

कानपुर पुलिस ने ऋचा दुबे और उसके नाबालिग बेटे को छोड़ा

नाबालिक बेटे को पकड़ कर हिरासत में रखना, पूरी तरह गैरकानूनी


उत्तर प्रदेश के मोस्ट वांटेड विकास दुबे को पुलिस ने शुक्रवार सुबह कानपुर शहर से 17 किमी पहले भौती में एनकाउंटर में ढेर कर दिया। उधर, गैंगस्टर विकास दुबे की पत्नी ऋचा और उसके नाबालिग बेटे को छोड़ दिया गया है। कानपुर के एसएसपी दिनेश कुमार प्रभु ने बताया कि ऋचा की कानपुर शूटआउट में कोई भूमिका नहीं पाई गई। वारदात के समय ऋचा मौके पर मौजूद नहीं थी। हालांकि, नौकर महेश को अभी नहीं छोड़ा गया है। उससे पूछताछ जारी है। पुलिस द्वारा मोस्ट वांटेड विकास दुबे की पत्नी और नाबालिक बेटे को पकड़ कर हिरासत में रखना, पूरी तरह गैरकानूनी है। किसी भी न्यायप्रिय देश में ऐसा नहीं होता।  गैरकानूनी तोर कानपूर पुलिस द्वारा नाबालिक को हिरासत में रखना और पुलिस की एनकाउंटर थ्योरी पर भी तमाम सवाल खड़े हो गए है, जिसका जवाब अब पुलिस को देना मुश्किल हो रहा है। और कोर्ट में पुलिस पर हत्या का मुकदमा चलेगा।  जिस तरह से उत्तर प्रदेश के मोस्ट वांटेड विकास दुबे का एनकाउंटर हुआ है उससे पुलिस की थ्योरी सवालों के घरे में है।


विकास दुबे को गुरुवार सुबह उज्जैन मंदिर में करीब 9 बजे गिरफ्तार किया गया था। डरा हुआ हिस्ट्रीशीटर गिरफ्तारी के वक्त चिल्ला रहा था कि मैं विकास दुबे हूं, कानपुर वाला। इसके बाद पुलिस उसे पहले महाकाल थाना, पुलिस कंट्रोल रूम, नरवर थाना और फिर पुलिस ट्रेनिंग सेंटर लेकर गई। यहां उससे करीब दो घंटे तक पूछताछ की गई। उसके बाद एसटीएफ की टीम उसे लखनऊ आ रही थी। इस बीच रात करीब साढ़े आठ बजे विकास की पत्नी ऋचा, उसके बेटे और नौकर महेश को लखनऊ में हिरासत में लिया गया। तीनों को कानपुर ले जाया गया। जहां पूछताछ की गई। पूछताछ के बाद आज दोपहर 12:20 बजे ऋचा और उसके बेटे को रिहा कर दिया गया।  


क्या है एनकाउंटर हत्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट की 16-सूत्री गाइडलाइन?

सुप्रीम कोर्ट ने 2014 में एनकाउंटर हत्याओं के संबंध में कहा था कि सरकार किसी भी व्यक्ति को संविधान के तहत मिले जीने के अधिकार से वंचित नहीं कर सकती। इसके बाद उसने 16-सूत्री गाइडलाइन भी जारी की थी।
1. आपराधिक गतिविधियों से जुड़ी मुखबिरी का रिकॉर्ड लिखित या इलेक्ट्रॉनिक फॉर्म में रखा जाएं।
2. यदि किसी टिप-ऑफ पर पुलिस हथियारों का इस्तेमाल करती है और किसी व्यक्ति की मौत होती है तो उचित आपराधिक जांच को शुरू करती हुई एफआईआर दर्ज की जाएं।
3. इस तरह की मौत के मामले की जांच स्वतंत्र सीआईडी टीम करेगी, जिसने कम से कम आठ जांच इससे पहले की हो।
4. एनकाउंटर हत्याओं में मजिस्ट्रियल जांच अनिवार्य तौर पर की जाए।
5. एनएचआरसी या राज्य के मानव अधिकार आयोग को एनकाउंटर में हुई मौत की जानकारी तत्काल दी जाए।
6. घायल पीड़ित/अपराधी को तत्काल चिकित्सकीय मदद दी जाए और मजिस्ट्रेट उसका बयान दर्ज करें।
7. बिना किसी देरी के एफआईआर और पुलिस डायरी को कोर्ट भेजना सुनिश्चित करें।
8. तत्काल ट्रायल शुरू करें और उचित प्रक्रिया का पालन करें।
9. कथित अपराधी के निकट रिश्तेदार को मौत की सूचना दें।
10. सभी एनकाउंटर मौतों का ब्योरा दो साल में एनएचआरसी और राज्य आयोगों को निर्धारित फॉर्मेट में सौंपा जाए।
11. यदि कोई एनकाउंटर गलत तरीके से किया जाता है तो दोषी पुलिस अधिकारी को निलंबित कर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।
12. सीआरपीसी के तहत मृतक के रिश्तेदार को मुआवजा दिया जाए।
13. पुलिस अधिकारियों को संविधान के आर्टिकल 20 के तहत मिले अधिकारों के संबंध में जांच के लिए अपने हथियार तत्काल सरेंडर करने होंगे।
14. आरोपी पुलिस अधिकारी के परिवार को तत्काल सूचना दी जाएं और उन्हें वकील/सलाहकार की सेवाएं दी जाए।
15. एनकाउंटर हत्या में शामिल अधिकारियों को कोई आउट ऑफ टर्न पुरस्कार या प्रमोशन नहीं दिया जाए।
16. पीड़ित के परिवार को यदि लगता है कि गाइडलाइंस को फॉलो नहीं किया गया है तो वह सेशंस जज को शिकायत कर सकता है। जज संज्ञान लेंगे।


विकास दुबे कई नेताओं का पर्दाफाश कर सकता था, इसलिए उसे मार गिराया: विरोधी दल

कानपुर के बिकरू गांव में सीओ समेत 8 पुलिसवालों की हत्या करने वाला गैंगस्टर विकास दुबे शुक्रवार सुबह एनकाउंटर में मारा गया। एनकाउंटर में मारे गए पुलिसकर्मियों के परिजन के साथ ही आम जनता इसे जायज ठहरा रही है। दूसरी ओर, सियासत भी गरमा गई है।



तमाम विरोधी दल आरोप लगा रहे हैं कि विकास दुबे कई नेताओं का पर्दाफाश कर सकता था, इसलिए उसे मार गिराया। एनकाउंटर के तौर-तरीकों पर भी विशेषज्ञ सवाल उठा रहे हैं। पुलिस की कहानी अपनी जगह है, वहीं विशेषज्ञ कह रहे हैं कि प्रक्रिया के तहत केस तो हत्या का ही दर्ज होगा।



यूपी एसटीएफ की टीम विकास दुबे को उज्जैन से कानपुर ले जा रही थी। शहर से 17 किमी पहले बर्रा थाना क्षेत्र में सुबह 6:30 बजे काफिले की एक कार पलट गई। विकास दुबे उसी गाड़ी में था। गैंगस्टर विकास दुबे ने पुलिस से पिस्टल छीनकर हमला करने की कोशिश की। जवाबी कार्रवाई में उसे तीन गोलियां लगी और अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई।


सुबह 7 बजकर 55 मिनट पर मृत घोषित कर दिया गया। विकास दुबे को तीन गोली छाती में और एक बांह में लगी। एडीजी (लॉ एंड ऑर्डर) प्रशांत कुमार का कहना है कि गाड़ी पलटने के बाद विकास ने भागने की कोशिश की। उसने एक घायल जवान की पिस्टल छीनी थी। हमने विकास से सरेंडर के लिए कहा, लेकिन उसने फायरिंग कर दी। पुलिस को बचाव में उस पर गोली चलानी पड़ी।


कानून में एनकाउंटर जैसा कोई शब्द नहीं है। कानूनन यह एक हत्या है। एफआईआर होगी। लोगों को गलतफहमी है कि पुलिस एनकाउंटर कर बच जाती है। ऐसे दसियों मामले हैं जहां फेक एनकाउंटर में पुलिसकर्मियों को सजा मिली है। पुलिस को एनकाउंटर में किसी को मार देने की छूट नहीं है। इसे भी हत्या की तरह ही ट्रीट किया जाता है।


केस दर्ज होगा और स्वतंत्र पुलिस अधिकारी जांच करेंगे। जांच में ही यह स्पष्ट होगा कि पुलिसकर्मियों ने आत्मरक्षा के अधिकार के तहत अपराधी पर गोली चलाई है या फेक एनकाउंटर किया है। फिलहाल इस मामले में कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। एनकाउंटर हुआ है, सही है या फेक, जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।


राइट फॉर प्राइवेट डिफेंस यानी आत्मरक्षा के अधिकार के तहत उन्हें अपनी कार्रवाई को जायज ठहराना होगा। इसके अलावा, विकास दुबे का कोई रिश्तेदार किसी थाने में हत्या की एफआईआर दर्ज करवा सकता है।


वहीं, सुप्रीम कोर्ट में एनकाउंटर केस लड़ चुके वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने ट्वीट किया कि यह एक्स्ट्रा-ज्युडिशियल किलिंग का एक स्पष्ट केस है। दुबे एक गैंगस्टर आतंकी था, जिसे शायद मरना ही चाहिए था। लेकिन यूपी पुलिस ने स्पष्ट तौर पर उसकी हत्या की है। यदि सुप्रीम कोर्ट इस अपराध पर नोटिस नहीं लेता है, तो इसका मतलब होगा कि भारत में कानून का शासन बचा ही नहीं है। 


देश में कोरोना मरीजों की संख्या 8 लाख से ज्यादा

देश में कोरोना मरीजों की संख्या 8 लाख से ज्यादा हो गई है। इनमें से 5 लाख से ज्यादा लोग ठीक हो चुके हैं। अभी इनमें से केवल 2.80 लाख मरीजों का देश के अलग-अलग अस्पतालों में या घरों पर इलाज चल रहा है। 2.75% मरीजों ने दम तोड़ दिया। उधर, अमेरिका का डेथ रेट सबसे ज्यादा 4.21% है। ब्राजील में अब तक 3.93% मरीजों की जान जा चुकी है। 


दुनिया के 202 देशों से ज्यादा केवल महाराष्ट्र में संक्रमित

दुनिया के 215 देशों और आईलैंड में संक्रमितों का आंकड़ा जारी किया है। इसमें 202 देश ऐसे हैं जहां महाराष्ट्र राज्य से भी कम संक्रमित हैं। केवल 13 देश ऐसे हैं जहां महाराष्ट्र से ज्यादा लोग संक्रमित हैं। भारत में कुल संक्रमितों में 29.44% लोग महाराष्ट्र से ही हैं। मौत के आंकड़ों को देखें तो अब तक हुई कुल मौतों में 44.85% लोग इसी राज्य से थे। देश का दूसरा सबसे संक्रमित राज्य तमिलनाडु है। 8 लाख संक्रमितों में 15.82% लोग यहीं से हैं। देश की राजधानी दिल्ली के 13.38% संक्रमित हैं।


अब तक एक करोड़ से ज्यादा लोगों का टेस्ट, इसमें 7.2% लोग पॉजिटिव निकले

भारत के लिए एक और राहत की बात है। दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी आबादी वाला देश होने के बावजूद यहां संक्रमण का स्तर अन्य देशों के मुकाबले काफी कम हैं। भारत में अब तक एक करोड़ 11 लाख लोगों की कोरोना टेस्टिंग हो चुकी है। इनमें सिर्फ 7.2% लोग ही संक्रमित मिले। अमेरिका में 4 करोड़ टेस्टिंग हुई है और इनमें 8.01% लोग पॉजिटिव पाए गए। सबसे खराब हालत ब्राजील की है। यहां अब तक 45 लाख लोगों की जांच हुई और इनमें 38.96% लोग संक्रमित मिले हैं।   


देश में हर 10 लाख की आबादी में 578 संक्रमित मिल रहे

कोरोना से जुड़ी एक साथ दो खबरें सामने आईं। इसमें एक बुरी खबर है और एक अच्छी। अच्छी खबर यह कि देश में कोरोना मरीजों के ठीक होने का आंकड़ा 5 लाख के पार हो गया। मतलब अभी तक जितने लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं उनमें से 62% से ज्यादा लोग ठीक होकर घर जा चुके हैं। राहत की बात है कि यह रफ्तार लगातार बढ़ रही है। 


बुरी खबर यह कि देश में कोरोना के मरीजों का आंकड़ा 8 लाख के पार हो गया। इस बार महज 4 दिनों में ही मरीजों की संख्या 7 लाख से बढ़कर 8 लाख हो गई। अब हर 10 लाख की आबादी में 578 लोग पॉजिटिव पाए जा रहे हैं। 16 मरीजों की मौत हो रही है। 


गुरुवार, 9 जुलाई 2020

वै‌ष्णो देवी: बच्चों और बुजुर्गों को यात्रा की मनाही

तीन साल से छोटे बच्चे और 65 साल से ऊपर वाले लोगों को दर्शन के लिए नहीं आने की सलाह दी जाएगी। संदिग्धों का सख्ती से हेल्थ चेकअप होगा। एक दिन में पांच हजार से सात हजार लोगों को दर्शन की अनुमति दी जा सकती है। जबकि सामान्य समय में इस सीजन में 35 हजार से ज्यादा लोग एक दिन में दर्शन के लिए आते थे।



18 मार्च से वै‌ष्णो देवी की यात्रा बंद हो गई थी, तब से लेकर अब तक एक करोड़ रुपए ऑनलाइन माध्यम से एकत्रित हुए हैं। जबकि पहले इस सीजन में एक दिन 50 से 60 लाख रुपए प्रतिदिन दान के रूप में आता था।


वैष्णो देवी के दर्शन के लिए कराना होगा ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन

रोज 7 हजार लोगों को मिलेगी अनुमति


श्री वैष्णो देवी के दर्शन को लेकर सीईओ रमेश कुमार ने कहा कि दर्शन को लेकर तैयारी चल रही है, लेकिन तारीखों को लेकर अंतिम फैसला अथॉरिटी को ही करना है। स्वास्थ्य और गृह मंत्रालय की गाइडलाइन को ध्यान में रखते हुए एसओपी लगभग तैयार हो चुकी है। इस बार दर्शन की प्रक्रिया में बदलाव होगा। भीड़ को काबू रखने और सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों के पालन के लिए दर्शन से पहले ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना होगा। दर्शन के लिए आने वाले यात्रियों का कटरा ट्रेक एंट्री प्वाइंट और भवन के पास स्क्रीनिंग होगी। मास्क पहनने या चेहरे को ढकने जरूरी होगा। जगह-जगह सैनिटाइजर की व्यवस्था की जाएगी।


ADVT


NOIDA DARPAN INDEPENDENCE DAY WISHES