सोमवार, 7 फ़रवरी 2022

चौरासी लाख योनियों के चक्र का शास्त्रों में वर्णन

३० लाख बार वृक्ष योनि में जन्म होता है इस योनि में सर्वाधिक कष्ट होता है धूप ताप,आँधी, वर्षा आदि में बहुत शाखा तक टूट जाती हैं शीतकाल में पतझड में सारे पत्ता पत्ता तक झड़ जाता है। लोग कुल्हाड़ी से काटते हैं

 

उसके बाद जलचर प्राणियों के रूप में लाख बार जन्म होता है  

हाथ और पैरों से रहित देह और मस्तक। सड़ा गला मांस  ही खाने को मिलता है

एक दूसरे का मास खाकर जीवन  रक्षा करते हैं

 उसके बाद कृमि योनि में १० लाख बार जन्म होता है

  और फिर ११ लाख बार पक्षी योनि में जन्म होता है। 

वृक्ष ही आश्रय स्थान होते हैं

जोंक, कीड़-मकोड़े, सड़ा गला जो कुछ भी मिल जाय, वही खाकर उदरपूर्ति करना।

स्वयं भूखे रह कर संतान को खिलाते हैं और जब संतान उडना सीख जाती है  तब पीछे मुडकर भी नहीं देखती काक और शकुनि का जन्म दीर्घायु होता है

 

उसके बाद २० लाख बार पशु योनि,वहाँ भी अनेक प्रकार के कष्ट मिलते हैं

अपने से बडे हिंसक और बलवान् पशु सदा ही पीडा पहुँचाते रहते हैं

भय के कारण पर्वत कन्दराओं में छुपकर रहना। 

एक दूसरे को मारकर खा जाना कोई केवल घास खाकर ही जीते हैं  

किन्ही को  हल खीचना, गाडी खीचना आदि कष्ट साध्य कार्य करने पडते हैं  

रोग शोक आदि होने पर  कुछ बता भी नहीं सकते।सदा मल मूत्रादि में ही रहना पडता है

 गौ का शरीर समस्त पशु योनियों में श्रेष्ठ एवं अंतिम माना गया है

 तत्पश्चात् लाख बार मानव योनि में जन्म होता है

इनमे सर्वप्रथम घोर अज्ञान से आच्छादित ,पशुतुल्य आहार -विहार,वनवासी वनमानुष का जन्म मिलता है।

 उसके बाद पहाडी जनजाति के रूप में नागा,कूकी,संथाल आदि में

 उसके बाद वैदिक धर्मशून्य अधम कुल में ,पाप कर्म करना एवं मदिरा आदि निकृष्ट और निषिद्ध वस्तुओं का सेवन ही सर्वोपरि

 उसके बाद शूद्र कुल में जन्म होता है  

उसके बाद वैश्य कुल में

फिर क्षत्रिय  और अंत में ब्राह्मणकुल में जन्म मिलता है

 और सबसे अंत में ब्राह्मणकुल में जन्म मिलता है

यह जन्म एक ही बार मिलता है

जो ब्रह्मज्ञान सम्पन्न है वही ब्राह्मण है।

अपने उद्धार के लिए वह आत्मज्ञान से परिपूर्ण हो जाता है

यदि,,,  इस दुर्लभ जन्म में भी ज्ञान नहीं प्राप्त कर लेता तो पुनः चौरासी लाख योनियों में घूमता रहता है।

 भगवत - शरणागति के अलावा कोई और सरल उपाय नहीं है

 यह मानव जीवन बहुत ही दुर्लभ है।

बहुत लम्बा सफर तय करके ही यहाँ तक पहुँचे हैं

रविवार, 6 फ़रवरी 2022

रामानुजाचार्य ने दलितों को पूजा का अधिकार दिलाया: मोदी

 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को बसंत पंचमी के मौके पर हैदराबाद पहुंचे। यहां प्रधानमंत्री वैष्णव संत रामानुजाचार्य स्वामी की प्रतिमा 'स्टैच्यू ऑफ इक्वैलिटी' देश को समर्पित किया। इस प्रतिमा को करीब 1000 करोड़ रुपए की लागत से बने रामानुजाचार्य मंदिर में स्थापित किया गया है।

लोकार्पण के बाद मोदी ने कहा- रामानुजाचार्य जी ने जाति भेद खत्म करने के लिए काम किया। मोदी ने श्लोक सुनाया- न जाति ही कारणं, लोके गुणा कल्याण हेतवा यानी संसार में जाति से नहीं, गुणों से कल्याण होता है। उन्होंने कहा- रामानुजाचार्य जी ने यादव गिरी पर नारायण मंदिर बनवाया और उसमें दलितों को पूजा का अधिकार देकर समानता का संदेश दिया था। समाज में जो बुराई से लड़ते हैं , जो समाज को सुधारते हैं। समाज में उन्हें इज्जत मिलती है। समाज में जिनके साथ भेदभाव होता था, उसके लिए उन्होंने काम किया। रामानुजाचार्य जी ने छुआछूत को मिटाने के लिए कई प्रयास किए।

राजपूतों की सेनाएं युद्ध लड़ती थीं, तो उनका नेतृत्व यादव करते थे: अपर्णा

 बाराबंकी में भाजपा नेता अपर्णा यादव ने दो जनसभाएं की और यादव बिरादरी की शान में जमकर कसीदे पढ़े। वहीं इसे लेकर जब पत्रकारों ने उनसे सवाल पूछा कि आपको यह बार-बार क्यों बताना पड़ रहा है कि मैं यादव हूं। इस पर अपर्णा यादव ने कहा कि हां मैं यादव हूं, तो मैं और क्या कहूं।

वहीं सवाल किया गया कि एक तरफ भाजपा कहती है कि विकास उनका मुद्दा है, तो फिर जातिवाद की राजनीति क्यों, तो उन्होंने कहा कि विकास भाजपा का मुद्दा है। वह इससे मना नहीं कर रहीं, लेकिन वह यादव हैं और यह भी एक तथ्य है। जब राजपूतों की सेनाएं युद्ध लड़ती थीं, तो उनका नेतृत्व यादव करते थे।

वेस्ट यूपी में चुनाव प्रचार को उतरेंगे चंद्रशेखर रावण

 आजाद समाज पार्टी चीफ चंद्रशेखर रावण विधानसभा चुनाव में अपनी पार्टी के लिए चुनाव प्रचार में उतरने जा रहे हैं। पहले चरण के चुनाव के लिए चंद्रशेखर 6 फरवरी से प्रचार शुरू करेंगे। 6 फरवरी को चंद्रशेखर मेरठ और मुजफ्फरनगर की सीटों पर अपने प्रत्याशियों के लिए प्रचार करेंगे। चंद्रशेखर रावण ने अपनी पार्टी आजाद समाज पार्टी से प्रत्याशियों की घोषणा कर दी है। पहले चरण के नामांकन भी हो चुके हैं। अब चंद्रशेखरण अपने प्रत्याशियों के लिए जनता से वोट मांगने उतरेंगे। जहां भाजपा के नेता लगातार जनसंपर्क कर रहे हैं। पीएम मोदी वर्चुअल जनचौपाल कर रहे हैं। सपा रालोद गठबंधन के तहत चुनाव लड़ रहे दोनों दलों के नेता जयंत और अखिलेश भी जनसंपर्क में जुट गए हैं। जगह-जगह दोनों नेता जाकर संयुक्त प्रेसवार्ता कर रहे हैं। बसपा का प्रचार भी शुरू हो चुका है। एआईएमआईएम के चीफ असदुद्दीन ओवेसी और आम आदमी पार्टी का प्रचार भी धुंआधार चल रहा है ऐसे में चंद्रशेखर रावण चुनाव प्रचार में सबसे बाद में उतर रहे हैं। 

फिरोजाबाद में AIMIM प्रत्याशी का हंगामा

 फिरोजाबाद से एआइएमआइएम प्रत्याशी व पुलिस के बीच तकरार हो गई। इस बीच थाने पर जमकर हंगामा हुआ। आरोप है कि पुलिस ने प्रत्याशी और उनके समर्थकों को हवालात में बंद कर दिया। प्रत्याशी की गाड़ी से प्रचार सामग्री मिलने के बाद मामला तूल पकड़ गया था। बाद में पुलिस ने समझा बुझाकर उन्हें छोड़ दिया। प्रत्याशी ने दो पुलिसकर्मियों के विरुद्ध थाने में तहरीर दी है।

वाराणसी में पूर्व मंत्री अजय राय पर राजद्रोह का केस

 वाराणसी में पूर्व मंत्री अजय राय पर शनिवार को राजद्रोह और आचार संहिता तोड़ने के आरोप में केस दर्ज किया गया है। अजय राय पिंडरा विधानसभा से कांग्रेस के प्रत्याशी हैं। मामला फूलपुर थाने में दर्ज किया गया। आरोप है कि अजय राय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। उसी टिप्पणी से संबंधित वीडियो के आधार पर यह कार्रवाई की गई है।

शादी समारोह: उन्माद फायरिंग, पास खड़े जवान के सीने में गोली लगने से मौत

 उन्नाव में शनिवार देर रात शादी समारोह में उन्माद फायरिंग हो गई। शादी में शामिल होने आए सेना के जवान को गोली लग गई, जिससे वो घायल हो गया। बताया जा रहा है कि रायबरेली के एक युवक ने नाचते समय फायरिंग की थी। इसके बाद हल्ला होता देखकर भाग निकला। परिजन घायल जवान को अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां इलाज के दौरान जवान की मौत हो गई। ये घटना बिहार थाना क्षेत्र में हुई है। पुलिस युवक की तलाश में दबिश दे रही है।

मुजफ्फरनगर में सड़क हादसे में 3 की मौत, 5 घायल

 मुजफ्फरनगर में शनिवार देर रात एक सड़क हादसे में तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक दिल्ली देहरादून हाईवे पर शनिवार देर शाम वैन में ट्रैक्टर ट्रॉली ने टक्कर मार दी। हादसे में शादी समारोह से वापस लौट रहे कार सवार 3 लोगों की मौत हो गई, जबकि पांच लोग घायल हो गए।

पुलिस के अनुसार शहर के जनकपुरी निवासी अंतरपाल, नरेशपाल, पूरन सिंह, जयंत सिंह सभी लोग बुढ़ाना निवासी मांगेराम व उसके पुत्र बृजेश सिंह के साथ शनिवार को ओमनी गाड़ी से हरिद्वार के धनपुरा में शादी समारोह में शामिल होने गए थे। शनिवार देर रात खादर में शेरपुर से आगे सोलानी नदी के पास ट्रैक्टर ट्राली ने साइड में टक्कर मारकर गाड़ी को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। दुर्घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।

उन्नाव में सड़क हादसे में पति-पत्नी की मौत

 उन्नाव में बरात से घर लौट रहे पति-पत्नी की सड़क हादसे में मौत हो गई। बाइक से बरात के बाद दोनों घर लौट रहे थे कि तेज रफ्तार कार ने सामने से टक्कर मार दी। हादसे में मौके पर ही पति-पत्नी की मौत हो गई। हादसे के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने रायबरेली-उन्नाव मार्ग जाम कर दिया। सूचना पर थाना पुलिस पहुंची, लेकिन जाम नहीं खुलवा सकी। सीओ बीघापुर मौके पर पहुंचकर लोगों को समझाने में जुटे हैं।

उन्नाव के अचलगंज थाना क्षेत्र के भैंसई नौबस्ता के पास हादसा हुआ। हादसे में बीघापुर के सिकंदरपुर कर्ण निवासी गुड्डू बाजपेयी उर्फ ब्रजेश शंकर (45) और उनकी पत्नी सीता की मौत हो गई। घटना के बाद सड़क पर ईंट-पत्थर रखकर ग्रामीणों ने जमकर हंगामा काटा।

लता दीदी हमें छोड़कर चली गईं: मोदी

 भारत रत्न गायिका लता मंगेशकर का 92 साल की उम्र में रविवार को निधन हो गया है। लता मंगेशकर को कोरोना और निमोनिया के चलते 8 जनवरी को मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उन्होंने आखिरी सांस ली। 'भारत रत्न' लता मंगेशकर के निधन पर पूरा देश दुखी है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह समेत देश की कई बड़ी हस्तियों ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर कर लता मंगेशकर के निधन पर शोक व्यक्त किया और श्रद्धांजलि दी है।

*🚩श्री शारदा सर्वज्ञ पीठम🚩*

 *🚩जय सत्य सनातन🚩*

 

🌥️ *🚩युगाब्द-५१२३

🌥️ *🚩विक्रम संवत-२०७८*

⛅ *🚩तिथि - षष्ठी ०७ फरवरी प्रातः ०४:३७ तक तत्पश्चात सप्तमी*

⛅ *दिनांक - ०६ फरवरी २०२२*

⛅ *दिन - रविवार*

⛅ *शक संवत -१९४३*

⛅ *अयन - उत्तरायण*

⛅ *ऋतु - शिशिर

⛅ *मास - माघ*

⛅ *पक्ष - शुक्ल

⛅ *नक्षत्र - रेवती शाम ०५:१० तक तत्पश्चात अश्विनी*

⛅ *योग - साध्य शाम ०४:५४ तक तत्पश्चात शुभ*

⛅  *राहुकाल - शाम ०५:०७ से शाम ०८:३२ तक*

⛅ *सूर्योदय - ०७:१५*

⛅ *सूर्यास्त - १८:३०*

⛅ *दिशाशूल - पश्चिम दिशा में*

⛅ *व्रत पर्व विवरण - शीतला षष्ठी (बंगाल)* 

💥 *विशेष - षष्ठी को नीम की पत्ती, फल या दातुन मुँह में डालने से नीच योनियों की प्राप्ति होती है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः २७-२९-३४)*

 

🌷 *माघ शुक्ल सप्तमी* 🌷

  *07 फरवरी 2022 सोमवार को माघ शुक्ल सप्तमी है *

🚩 *माघ शुक्ल सप्तमी को अचला सप्तमी, रथ सप्तमी, आरोग्य सप्तमी, भानु सप्तमी, अर्क सप्तमी आदि अनेक नामों से सम्बोधित किया गया है और इसे सूर्य की उपासना के लिए बहुत ही सुन्दर दिन कहा गया है। पुत्र प्राप्ति, पुत्र रक्षा तथा पुत्र अभ्युदय के लिए इस दिन संतान सप्तमी का व्रत भी किया जाता है।*

🚩 *स्कन्द पुराण के अनुसार*

*यस्यां तिथौ रथं पूर्वं प्राप देवो दिवाकरः॥सा तिथिः कथिता विप्रैर्माघे या रथसप्तमी॥ .१२९ *

*तस्यां दत्तं हुतं चेष्टं सर्वमेवाक्षयं मतम्॥ सर्वदारिद्र्यशमनं भास्करप्रीतये मतम्॥ .१३० *

🚩 *भगवान सूर्य जिस तिथि को पहले-पहल रथ पर आरूढ़ हुए, वह ब्राह्मणों द्वारा माघ मास की सप्तमी बताई गयी है, जिसे रथसप्तमी कहते हैं। उस तिथि को दिया हुआ दान और किया हुआ यज्ञ सब अक्षय माना जाता है। वह सब प्रकार की दरिद्रता को दूर करने वाला और भगवान सूर्य की प्रसन्नता का साधन बताया गया है।*

🚩 *भविष्य पुराण के अनुसार सप्तमी तिथि को भगवान् सूर्य का आविर्भाव हुआ था | ये अंड के साथ उत्पन्न हुए और अंड में रहते हुए ही उन्होंने वृद्धि प्राप्त कि | बहुत दिनोंतक अंड में रहने के कारण येमार्तण्डके नामसे प्रसिद्ध हुए |*

🚩 *भविष्य पुराण के अनुसार ही सूर्य को अपनी भार्या उत्तरकुरु में सप्तमी तिथि के दिन प्राप्त हुई, उन्हें दिव्य रूप सप्तमी तिथि को ही मिला तथा संताने भी इसी तिथि को प्राप्त हुई, अत: सप्तमी तिथि भगवान् सूर्य को अतिशय प्रिय हैं |*

🚩 *भविष्य पुराण : श्रीकृष्ण उवाच शुक्लपक्षे तु सप्तम्यां यदादित्यदिनं भवेत् सप्तमी विजया नाम तव्र दत्तं महाफलम् *

*स्त्रांन दानं जपो होम उपवासस्तथैव सर्वें विजयसप्तम्पां महापातकनाशनम् *   

*प्रदक्षिणां यः कुरुते फलैः पुष्पौर्दिवाकरम् सर्वगुणसंपन्नं पुव्रं प्राप्नोत्यनुत्तमम *   

🚩 *भगवान श्रकृष्ण कहते हैराजन! शुक्ल पक्षकी सप्तमी तिथि को यदि आदित्यवार (रविवार) हो तो उसे विजय सप्तमी कहते है. वह सभी पापोका विनाश करने वाली है .उस दिन किया हुआ स्नान ,दान्, जप, होम तथा उपवास आदि कर्म अनन्त फलदायक होता है. जो उस दिन फल् पुष्प आदि लेकर भगवान सूर्यकी प्रदक्षिणा करता है। वह सर्व गुण सम्पन्न उत्तम पुत्र को प्राप्त करता है।

🚩 *नारद पुराण में माघ शुक्ल सप्तमी कोअचला व्रतबताया गया है। यहत्रिलोचन जयन्तीहै।  इसी को रथसप्तमी कहते हैं। यहीभास्कर सप्तमीभी कहलाती है, जो करोङों सूर्य-ग्रहणों के समान है। इसमें अरूणोदय के समय स्नान किया जाता है। आक और बेर के सात-सात पत्ते सिर पर रखकर स्नान करना चाहिए। इससे सात जन्मों के पापों का नाश होता है। इसी सप्तमी को ‘’पुत्रदायकव्रत भी बताया गया है। स्वयं भगवान सूर्य ने कहा है - ‘जो माघ शुक्ल सप्तमी को विधिपूर्वक मेरी पूजा करेगा, उसपर अधिक संतुष्ट होकर मैं अपने अंश से उसका पुत्र होऊंगा इसलिये उस दिन इन्द्रियसंयमपूर्वक दिन-रात उपवास करे और दूसरे दिन होम करके ब्राह्मणों को दही, भात, दूध और खीर आदि भोजन करावें।*

🚩 *अग्नि पुराण में अग्निदेव कहते हैंमाघ मासके शुक्लपक्ष की सप्तमी तिथिको (अष्टदल अथवा द्वादशदल) कमल का निर्माण करके उसमें भगवान् सूर्यका पूजन करना चाहिये | इससे मनुष्य शोकरहित हो जाता है |*

🚩 *चंद्रिका में लिखा हैसूर्यग्रहणतुल्या हि शुक्ला माघस्य सप्तमी। अरुणोदगयवेलायां तस्यां स्नानं महाफलम्॥”*

*अर्थात माघ शुक्ल सप्तमी सूर्यग्रहण के तुल्य होती है सूर्योदय के समय इसमें स्नान का महाफल होता है *

🚩 *नारद पुराण के अनुसार* *“अरुणोदयवालायां शुक्ला माघस्य सप्तमी प्रयागे यदि लभ्येत सहस्रार्कग्रहैः समा॥* *अयने कोटिपुण्यं स्याल्लक्षं तु विषुवे फलम् ॥११२॥”*

🚩 *चंद्रिका में भी विष्णु ने लिखा हैअरुणोदयवेलायां शुक्ला माघस्य सप्तमी प्रयागे यदि लभ्येत कोटिसूर्यग्रहैः समा”*

*अर्थात माघ शुक्ल सप्तमी यदि अरुणोदय के समय प्रयाग में प्राप्त हो जाए तो कोटि सूर्य ग्रहणों के तुल्य होती है *

🕉️ *मदनरत्न में भविष्योत्तर पुराण का कथन है कीमाघे मासि सिते पक्षे सप्तमी कोटिभास्करा। दद्यात् स्नानार्घदानाभ्यामायुरारोग्यसम्पदः॥”*

*अर्थात माघ मास की शुक्लपक्ष सप्तमी कोटि सूर्यों के बराबर है उसमें सूर्य स्नान दान अर्घ्य से आयु आरोग्य संपन्न करते हैं *

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NOIDA DARPAN INDEPENDENCE DAY WISHES