एजाज अहमद ने कहा कि तेजस जैसी प्राइवेट ट्रेनें चलाने से आम आदमियों को कोई फायदा नहीं होगा। रेलवे केवल कमाई करने पर ध्यान दे रही है। लोगों की सुविधाओं की चिंता नहीं है। ट्रेनों की लेटलतीफी पर ध्यान देने की जरूरत है। वहीं डॉ. एसके सिंह बोले कि विदेशों में हाईस्पीड ट्रेनें वर्षों से चल रही हैं। भारत में अभी योजनाओं पर काम चल रहा है। ट्रेनों में साफ-सफाई पर ध्यान देने की जरूरत है। ट्रेनों में होने वाली आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाया जाना चाहिए।
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