सोमवार, 23 मार्च 2020

बुधवार तक संक्रमितों की संख्या हो सकती है 900

आईएमएससी का दावा है कि अगर लोगों ने व्यक्तिगत स्तर पर इसे रोकने के लिए भरकस प्रयास किए तो मामलों की संख्या 400 तक सीमित की जा सकती है। इन अध्ययनकर्ताओं प्रो. सीताभ्र सिन्हा और सौम्या ईश्वरन ने कहा कि सरकार के प्रयासों के साथ लोगों का योगदान वायरस को फैलने से रोकने के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। संक्रमण के फैलने के बारे में अध्ययनकर्ताओं ने एक अनूठा दावा प्रभावित देशों की अक्षांश पर मौजूदगी और संक्रमण दर को लेकर भी किया। उन्होंने कहा कि जो देश पृथ्वी के अक्षांश पर जितने ऊपर मौजूद हैं, वहां महामारी फैलने की दर उतनी ही ज्यादा है। उन्होंने डेनमार्क का उदाहरण दिया जो 56 डिग्री अक्षांश पर है। यहां वायरस संक्रमण का रिप्रोडक्शन-नंबर (आरओ) 3.35 है। आरओ यानी एक संक्रमित व्यक्ति से औसतन कितने लोगों को संपर्क हो सकता है। कतर के लिए आरओ 3.06, स्विट्जरलैंड 2.96, स्पेन 2.74, ईरान 2.73, जर्मनी 2.58, न्यूयॉर्क 2.49 और इटली 2.34 माना गया है। चीन के हुबई में आरओ 2.14 था। वहीं भारत में आरओ 2.7 है।


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