नोएडा। प्रॉपर्टी को किराये पर उठाकर मोटी आमदनी करने वाले अब वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) विभाग के रडार पर हैं। 20 लाख रुपये से अधिक किराया वसूलने वालों की तलाश की जा रही है। दो माह से चल रहे सर्वे में राज्य जीएसटी ने ऐसे कई संपत्ति मालिकों की पहचान की है जिन्होंने भारी-भरकम किराया वसूलकर मुनाफा तो कमाया, लेकिन जीएसटी पंजीयन कराने की जरूरत नहीं समझी।
अधिकारियाें के मुताबिक 40 लाख रुपये से अधिक वार्षिक टर्नओवर वाले गैर पंजीकृत व्यापारिक परिसरों की गणना की जा रही है। बाजारों और औद्योगिक सेक्टरों में सर्वे की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है। नोएडा में अधिकांश गतिविधियां सर्विस सेक्टर से जुड़ी हैं।
रविवार, 26 जनवरी 2020
जीएसटी के रडार पर 20 लाख से अधिक किराया वसूलने वाले
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